जिले के पीएचसी में आरोग्य मेले का किया गया आयोजन, डॉक्टरों ने जांच के बाद दी दवाएं
आरोग्य मेले में 1492 मरीजों की जांच की गई, बुखार के 216 व खुजली के 182 मरीज आए
महराजगंज/नौतनवा। जिले के सभी पीएचसी पर रविवार को आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। इस दौरान डॉक्टरों ने जांच कर मरीजों को दवाएं दी। साथ ही सतर्कता बरतने की सलाह दी। वहीं नौतनवा सीएचसी पर पथरी से पीड़ित मरीज को बाहर से खून की जांच कराने की सलाह दी गई। आरोग्य मेले में सामान्य बीमारियों के मरीज पहुंचे। डॉक्टरों ने उनका इलाज कर परामर्श दिया।
नौतनवा स्थित न्यू प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर सुबह करीब 11 बजे चिकित्साधिकारी डॉ. मंजुला शुक्ला अपने चेंबर में बैठकर मरीजों का उपचार करती मिलीं। अस्पताल से वापस लौट रहे दयाशंकर निवासी मर्चवारी, नेपाल ने बताया कि वह अपने पुत्र कृष्णमोहन का हाथ टूटने पर दिखाने आए थे। दो बजे के बाद आने की सलाह दी गई।
वहीं रुबीना निवासी पेड़ारी ने बताया कि वह पथरी की समस्या से पीड़ित हैं। पहले कहीं और इलाज करा रहा थीं, पुरानी रिपोर्ट लेकर पीएचसी पहुंची तो वहां की चिकित्सक की ओर से पुनः पैथोलॉजी से खून जांच कराकर दिखाने की सलाह दी गई। इसके अलावा नंदनी देवी निवासी परसोहिया मोहल्ला दर्द से पीड़ित थीं, उन्हें अस्पताल से ही दवा मुहैया करा दिया गया।
राजन निवासी महेंद्र नगर को कुत्ते ने काट लिया था, उन्हें अस्पताल में इंजेक्शन लगाया गया। वहीं साक्षी, प्रदीप कुमार, सत्यनारायण, दीपक समेत अन्य मरीज सामान्य बीमारियों से पीड़ित रहे। इनका उपचार कर जरूरी दवाएं दी गईं। इस दौरान डॉ. मंजुला शुक्ला, फार्मासिस्ट सुरेंद्र द्विवेदी, एएनएम आरती सिंह, स्टाफ नर्स निशा, वार्ड ब्वॉय दिलीप पांडेय, स्वीपर शंकर मौजूद रहे।
न्यू पीएचसी पैसिया बाबू - नौतनवा
दोपहर 12-20 बजे नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पैसिया बाबू पहुंचने पर दो महिलाएं काउंटर पर दवा प्राप्त करने को खड़ी थीं। फार्मासिस्ट मनोज शर्मा दवाईयां निकाल रहे थे। अंदर बढ़ने पर कक्ष में डॉक्टर प्रवीण कुमार राय रिंकी (37) का इलाज करते मिले। कौलही निवासी रिंकी को पैर और कमर में दर्द, बोलने में दिक्कत और सूजन होने की दिक्कत है। उसी गांव की रोशनी (14) सिर दर्द कमर दर्द और ल्यूकोरिया की पीड़ित है। दोनों को डॉक्टरों ने इलाज कर उचित परामर्श दिया। बैरिया बाजार के सच्चिदानंद अपने नाती शिवम (09) के पास बैठे थे। उन्होंने बताया कि शिवम को कुत्ते ने काटा है। एंटी रैबीज का इंजेक्शन लगवाने आए हैं। तीसरी बार इंजेक्शन लगेगा।
नईकोट स्थित राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय का भी इसी अस्पताल के हॉल में काउंटर लगा था। वार्ड बॉय संजय शर्मा वहां मौजूद थे। जबकि फार्मासिस्ट अनिल कुमार मणि त्रिपाठी कक्ष में बैठे थे। एक कमरे में आईटी अरुण तिवारी अपनी कुर्सी पर बैठे मिले। मरीजों ने बताया कि उन्हें अस्पताल से ही दवाई मिली है। डाॅ. प्रवीण कुमार के अनुसार आरोग्य मेला में खांसी, बुखार, बदन दर्द, कमजोरी, लिकोरिया, आंख में खुजली और कुत्ता काटने पर एंटी रैबीज इंजेक्शन लगवाने के मरीज आ रहे हैं। उस वक्त तक 16 मरीजों का इलाज हो चुका था। जिसमें 7 मरीज एंटी रैबीज के इंजेक्शन लगवाने के लिए आए थे।
वहीं डिप्टी सीएमओ डॉ. केपी सिंह ने बताया कि आरोग्य मेले में 1492 मरीजों की जांच की गई। इसमें बुखार के 216 व खुजली के 182 मरीज आए।