जिले के 1823 दिव्यांगों तक नहीं पहुंच पा रही शासन की योजनाएं
यूडीआईडी कार्ड नहीं बनने से दिव्यांगों को उठानी पड़ रही परेशानी
5767 आवेदको में महज 3206 दिव्यांगों को मिला कार्ड, 1823 का कार्ड नहीं बना, 758 आवेदन निरस्त
संवाद न्यूज एजेंसी
महाराजगंज। जिले में 15015 दिव्यांगों को दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की ओर से पेंशन जारी किया जाता है, लेकिन अभी तक केवल 3206 दिव्यांगों को ही यूनिक डिस एबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) जारी हो सका है। जिले में 15015 दिव्यांगों को पेंशन की सुविधा मिलती है। इन सभी दिव्यांगों का अगर यूडीआईडी कार्ड बन जाए तो इन्हें शासन की सारी सुविधाओं का लाभ आसानी से मिल जाएगा। यही नहीं रोडवेज की बसों में इन्हें मुफ्त में सेवा मिल सकेगी। लेकिन विभाग की ओर से जागरूकता के अभाव में दिव्यांगों का यूडीआईडी कार्ड नहीं बन पा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की से मिली जानकारी के अनुसार यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए जिले में 5747 दिव्यांगों ने ऑनलाइन आवेदन किया। जिसमें 3206 दिव्यांगों का ही यूडी आईडी कार्ड जारी हो गया। आधार, दिव्यांग प्रमाणपत्र, मेडिकल सहित अन्य कमियों के कारण 758 दिव्यांगों का आवेदन निरस्त हो गया, वहीं 1823 दिव्यांगो का यूडीआईडी कार्ड नहीं बन सका है। ऐसे में शासन की ओर से चलाई जा रही तमाम योजनाओं का लाभ दिव्यांगों को नहीं मिल पा रहा है। यही नहीं सीएमओ कार्यालय पर प्रत्येक सोमवार को देखा जाए तो दिव्यांग प्रमाण पत्र के लिए लंबी लाइन में दिव्यांग व उनके साथ आए हुए परिजन खड़े दिखाई देते हैं।
क्या करते हैं जिम्मेदार
जिला दिव्यांग जन सशक्तिकरण अधिकारी शांत प्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए दिव्यांगों को जागरूकता कार्यक्रम स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाया जाना है इसके लिए विभाग की ओर से 1,46,414 रुपये स्वास्थ्य विभाग को भेजे जा चुके हैं। इस धन को यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए सिस्टम व अन्य जरूरी सामग्री की खरीद के अलावा जागरूकता कार्यक्रमों पर खर्च किया जाना है। वहीं मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एके श्रीवास्तव ने बताया कि ऑनलाइन हुए आवेदन का यूडीआईडी कार्ड बनाने का प्रयास जारी है। संबंधित कर्मियों को इसमें तेजी लाने का निर्देश दिया गया है।
जानकारी ऑनलाइन रहेगी
यूनिक डिस एबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) नंबर मिल जाएगा। इससे दिव्यांगों को प्रमाण पत्र लेकर नहीं घूमना पड़ेगा। एक स्मार्ट कार्ड में ही दिव्यांग से संबंधित सभी जानकारी होगी। यह जानकारी ऑनलाइन रहेगी। इससे दिव्यांग सभी प्रकार की सुविधाएं प्राप्त कर सकेंगे।
ऐसे आवेदन करें
दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड बनाने लिए विभाग को पहचान पत्र, आधार, निवास प्रमाण पत्र, दिव्यांगता प्रमाण पत्र और पासपोर्ट साइज फोटो उपलब्ध कराना पड़ता है। इसके अलावा दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की वेबसाइट डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट एसडब्ल्यूएबीएलएएमबी डॉट जीओवी डॉट आईएन पर भी ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
इन्हें नहीं है यूडीआईडी कार्ड के बारे में जानकारी
हरखा प्यासे गांव के रहने वाले सत्यम पांडेय पैर से दिव्यांग हैं। उन्होंने बताया कि यूडीआईडी कार्ड नहीं बना है। अभी तो इसके बारे में जानकारी नहीं है। एक बार से किसी से सुना था की इससे काफी फायदा होता है। वहीं ममता ने बताया कि अगर पता रहता है तो ऑनलाइन पंजीकरण कराया गया होता, लेकिन इसके बारे में जानकारी नहीं है।