सोनौली बॉर्डर पर उस समय अफरातफरी मच गई। जब दिल्ली-काठमांडू मैत्री बस के चालक ने नेपाली सीमा के बेलहिया से मैत्री बस को वापस लाकर नो मेंस लेंड में खड़ी कर दी और अपनी तथा बस की सुरक्षा का हवाला देकर नेपाल जाने से मना कर दिया।
घटना की सूचना पर पहुंचे दोनों देशों के अधिकारियों के आश्वासन पर नेपाल पुलिस की कड़ी सुरक्षा में चालक सवारियों को लेकर काठमांडू रवाना हुआ। शनिवार की सुबह सात बजे दिल्ली- काठमांडू जाने वाली मैत्री बस नबर डीएल 1पी डी-1733 नेपाल जाने वाली सवारियों को लेकर दिल्ली से सोनौली पहुंची।
कागजी कार्रवाई के बाद बस नेपाल बेलहिया कस्टम पास से होकर जैसे ही बेलहिया बस स्टेशन पहुंची। वहां दो सवारियों को बैठने को लेकर मैत्री बस चालक और ड्रॉइवर से हड़ताल पर चल रहे बस व्यवसाई संघ नेपाल के कार्यकर्ताओं से कहासुनी हो गई। कार्यकर्ताओं ने मार-पीट तोड़फोड़ की धमकी के बाद मैत्री चालक सहम गया ।
वह बस को यात्रियों समेत वापस भारत की तरफ मोड़ सीमा के बीच एसएसबी कैंप के सामने खड़ी कर दूतावास को घटना की जानकारी दी। मैत्री बस वापसी की घटना पर सरहद पर अफरातफरी मच गई और मौके पर दोनों देशों के अधिकारियों ने पहुंच कर चालक को समझाया।
नेपाल बेलहिया पुलिस इंस्पेक्टर अभय विक्रम साह ने बताया की आज से नेपाल बस व्यवसायी संघ की हड़ताल शुुरू है।
सवारी बैठने को लेकर कुछ लोगों से चालक की कहासुनी हुई और बस चालक नेपाल से बस वापस लेकर आ गया। एक घंटे के बाद बस को कड़ी सुरक्षा में काठमांडू रवाना किया गया। इस दौरान यात्री दहशत में आ गए। वहीं उनके परिवार वालों ने फोन कर उनसे कुशल क्षेम की जानकारी पूछी। सेवा बहाल होने के बाद सभी ने राहत की सांस ली।