महराजगंज। जनपद को टीबी मुक्त बनाने के संकल्प को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए केंद्र व राज्य सरकार अब तकनीक का सहारा ले रही है। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के तहत टीबी मरीजों का पूरा ब्यौरा डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध रहेगा। इसके लिए 29 अप्रैल 2026 से निक्षय पोर्टल को मरीजों की आभा आईडी से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
जनपद को टीबी मुक्त बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। दिसम्बर 2025 में 95 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त घोषित की गईं। मौजूदा समय में विभागीय आकड़ों के अनुसार लगभग 4000 सक्रिय टीबी मरीज हैं, इनका उपचार जारी है। जिला क्षय रोग विभाग की तरफ से विशेष 100 दिवसीय अभियान चलाकर मरीजों की स्क्रीनिंग कर डेटा फीडिंग किया जा रहा है।
आभा आईडी से लिंक निक्षय डेटा, तभी मिलेगी पोषण राशि : शासन की तरफ से टीबी मरीजों के बेहतर खान-पान के लिए निक्षय पोषण योजना संचालित है। इसके तहत 1000 रुपये प्रतिमाह सीधे रोगी के बैंक खाते में आंतरित होती है। नई व्यवस्था के अनुसार अब जिन मरीजों का निक्षय डेटा उनकी आभा आईडी से लिंक होगा, उन्हें ही पोषण राशि मिल सकेगी। निक्षय और आभा आईडी के जुड़ाव से मरीजों को अपनी पुरानी रिपोर्ट और पर्चे साथ लेकर चलने की जरूरत नहीं होगी।