निचलौल/सिसवा बाजार। कोठीभार थाना क्षेत्र के शेषपुर के निकट छोटी गंडक नदी से बड़े पैमाने पर हो रहे बालू खनन की शिकायत पर डीएम ने छापेमारी का निर्देश दिया। मंगलवार की रात छापेमारी करने पहुंचे एसडीएम निचलौल और तहसीलदार को बालू माफिया ने घेर लिया।
एसडीएम के बुलावे पर घंटों बाद पहुंची पुलिस के चलते सभी बालू माफिया ट्राली ट्रैक्टर लेकर फरार हो गए। देर रात किसी तरह जान बचा कर तहसील पहुंचे अधिकारियों ने कोठीभार पुलिस की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई है।
कोठीभार थाना क्षेत्र के ग्राम शेषपुर के निकट छोटी गंडक नदी से बडे़ पैमाने पर बालू की अवैध खनन की जा रही है। मंगलवार की देर शाम किसी ने डीएम को इसकी जानकारी दी। डीएम के निर्देश पर रात करीब दस बजे एसडीएम ज्ञानेश्वर प्रसाद और तहसीलदार केशव प्रसाद मौके पर पहुंचे तो वहां स्थिति देखकर अवाक रह गए। मौके पर 25 से अधिक टैक्टर ट्रालियों पर बालू लादा जा रहा था।
एसडीएम और तहसीलदार अभी कुछ कहते, उससे पहले ही बालू माफिया और गांव वालों ने उन्हें घेर लिया और हंगामा करने लगे। स्थिति की नजाकत को भांपते हुए एसडीएम ने कोठीभार पुलिस को सूचना दी। सूचना के घंटों बाद भी जब पुलिस मौके पर नहीं पहुंची तो एसडीएम और तहसीलदार गांव से जाने लगे।
इस बीच बालू माफिया ने सड़क पर ट्राली लगा कर मार्ग जाम कर दिया, जिससे अफसरों की गाड़ियां फंस गईं और वे सभी बालू लदी ट्रैक्टर-ट्राली को लेकर फरार हो गए। करीब दो घंटे बाद मौके पर पहुंची पुलिस को एसडीएम ने जमकर खरी खोटी सुनाई और वहां से वापस लौट आए।
इस संबंध में तहसीलदार केशव प्रसाद का कहना है कि शेषपुर में बालू का खनन हो रहा था। सूचना पर एसडीएम के नेतृत्व में छापेमारी की गई लेकिन पुलिस का अपेक्षित सहयोग न मिलने से सफलता नहीं मिली। कुछ बालू माफियाओं की शिनाख्त हुई है। उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।