मनरेगा में पौने तीन लाख का घोटाला
प्रधान, पंचायत सचिव व जेई के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी को भेजी जाएगी रिपोर्ट
ग्राम पंचायत रुदलापुर में कार्य कराए बगैर भुगतान किए जाने का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। मिठौरा ब्लॉक के ग्राम पंचायत रुदलापुर में मनरेगा के काम में करीब 2.75 लाख रुपये के घोटाले का मामला प्रकाश में आया है। आरोप है कि रुदलापुर गांव में बिना काम कराए ही भुगतान कर दिया गया है। इसमें दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा जाएगा। साथ ही मिठौरा ब्लॉक में तैनात अवर अभियंता विश्राम प्रसाद सिंहानिया के कार्यकाल में कराए गए कार्यों की जांच के लिए तकनीकी टीम गठित करने की भी बात कही गई है।
मुख्य विकास अधिकारी रामसिंहासन प्रेम ने बताया कि ग्राम रुदलापुर निवासी विनोद जायसवाल की शिकायत पर गांव में मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों की जांच कराई गई। इसी क्रम में गांव में कैलाश जायसवाल के घर से रामप्रसाद विश्वकर्मा के घर तक इंटरलाकिंग के काम की जांच की गई तो मौके पर काम नहीं होना पाया गया, जबकि इस काम के बदले 2 लाख 49 हजार 284 रुपये का भुगतान भी कर दिया गया है। जांच के दौरान मौके पर गिट्टी, इंटरलाकिंग ईंट आदि सामान दिखे। इस संबंध में ग्रामीणों ने बताया कि निर्माण सामग्री दो दिन पहले गिराई गई है। उन्होंने बताया कि इस कार्य से संबंधित पत्रावली का अवलोकन किया गया तो पता चला कि ग्राम प्रधान, ग्राम सचिव व अवर अभियंता की तरफ से फरवरी 2018 में ही इस कार्य के बदले रकम का भुगतान कर दिया है। इसी क्रम में प्रहलाद प्रसाद के घर से रामबेलास के घर तक मिट्टी खड़ंजा कार्य की भी जांच की गई। जांच के दौरान मौके पर पता चला कि काम ही नहीं हुआ है जबकि इस कार्य के बदले 35 हजार 425 रुपये का भुगतान कर दिया गया है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2017-18 में ग्राम पंचायत रुदलापुर में कुल 31 कार्य मनरेगा के तहत कराए गए हैं। ग्राम पंचायत सचिव नागेंद्र पांडेय से सभी कार्यों की पत्रावली मांगी गई, लेकिन अभी तक पत्रावली उपलब्ध नहीं कराई गई। जांच अधिकारी डीसी मनरेगा उपेंद्र प्रसाद पाल ने जांच रिपोर्ट में बताया है कि ऐसा लगता है कि बिना पत्रावली तैयार किए ही कार्य करा लिए गए हैं। उन्होंने अपनी रिपोर्ट में यह भी कहा है कि उचित होगा कि मिठौरा ब्लॉक में तैनात अवर अभियंता विश्राम प्रसाद सिंहानिया के कार्यकाल में कराए गए कार्यों की विस्तृत जांच तकनीकी टीम से कराई जाए। सीडीओ ने बताया कि रुदलापुर में हुई इस अनियमितता के आरोप में ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत सचिव व अवर अभियंता के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जाएगी।