मेटल डिटेक्टर बताएगा शिकारियों ने वन क्षेत्र में कहां लगाया है फंदा
वन्य जीवों का शिकार रोकने के लिए विभाग खरीद रहा आठ मेटल डिटेक्टर
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। अब मेटल डिटेेक्टर बताएगा कि शिकारियों ने वन्य जीवों का शिकार करने के लिए वन क्षेत्र में कहां फंदा लगाया है। वन्य जीवों के शिकार पर रोक के लिए वन विभाग सोहगीबरवा प्रभाग में मेटल डिटेक्टर लगवाएगा। विभाग वन क्षेत्र में लगवाने के लिए कुल आठ मेटल डिटेक्टर खरीद रहा है।
सोहगीबरवां वन्यजीव प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी मनीष सिंह ने बताया कि वन्यजीवों का शिकार करने के लिए शिकारी अब फंदा आदि लगाने लगे हैं। जिसमें वन्यजीव फंस जाते हैं और शिकारी वन्यजीवों को पकड़कर ले जाते हैं। कुछ दिनों पहले टेढ़ीघाट के पास भी एक तेंदुआ फंद में ही फंस गया था। तीन दिन पहले एक बाघ लखीमपुर में भी फंदा में फंस गया था। शिकारियों के मंसूबे को ध्वस्त करने के लिए विभाग आठ मेटल डिटेक्टर खरीद रहा है। डीएफओ ने बताया कि एक-एक मेटल डिटेक्टर प्रभाग केे सभी आठों रेंजों में भेजा जाएगा। ऐसे में जब वनकर्मी गश्त में निकलेंगे तो मेटल डिटेक्टर के साथ जाएंगे। जब वनकर्मी डिटेक्टर को झाड़ियों में लगाएगा तो अगर कहीं फंदा लगा होगा तो तुरंत पता चल जाएगा और वनकर्मी उसे बरामद कर लेंगे। उन्होंने बताया कि कभी-कभी शिकारी वन क्षेत्र के बाहर खेतों में भी वन्यजीवों को फंसाने के लिए फंदा लगा देते हैं। जिसमें जंगल से बाहर निकलने वाले वन्यजीव फंस जाते हैं। ऐसे में किसान अपने खेतों की निगरानी करते रहें और अगर कहीं फंदा दिखे तो तत्काल वनकर्मियों को सौंप दें या फिर सूचित कर दें।