महराजगंज। सीबीएसई की परीक्षा में बोर्ड ने शैक्षिक सत्र में दो बार परीक्षा का प्रावधान जरूर किया है लेकिन पहली परीक्षा में न बैठने वाले सत्र की दूसरी परीक्षा में नहीं बैठ सकेंगे। मौजूदा सत्र में कुल 4,910 परीक्षार्थी 10वीं और 12वीं की परीक्षा दे रहे हैं।
अब तक की परीक्षा में चार अनुपस्थिति मिल चुकी है। यह अनुपस्थित विद्यार्थी अब दूसरी परीक्षा में नहीं शामिल हो सकते हैं। इन्हें अगली फरवरी तक इंतजार करना पड़ेगा। जनपद में कुल 30 सीबीएसई बोर्ड के स्कूल संचालित हैं।
जवाहर नवोदय के प्रभारी प्राचार्य आरके राय ने बताया कि सीबीएसई की नई व्यवस्था के तहत पहली बोर्ड परीक्षा सभी विद्यार्थियों के लिए अनिवार्य है। जो विद्यार्थी पास हो जाएंगे उन्हें अपने अंकों में सुधार के लिए विज्ञान, गणित, सामाजिक विज्ञान और भाषा विषयों में से अधिकतम तीन विषयों में दूसरी परीक्षा देने का अवसर मिलेगा।
कुल मिलाकर दूसरी परीक्षा बैकअप प्लान नहीं बल्कि परफॉर्मेंस बूस्टर (प्रदर्शन सुधार) के रूप में रहेगी। यदि कोई विद्यार्थी पहली परीक्षा में तीन या उससे अधिक विषयों में अनुपस्थित रहता है तो उसे एसेंशियल रिपीट (आवश्यक दोहराव) श्रेणी में डाल दिया जाएगा। ऐसे विद्यार्थियों को उसी वर्ष दूसरी परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं होगी।
उन्हें अगले वर्ष फरवरी में मुख्य परीक्षा का इंतजार करना पड़ेगा। जिन विद्यार्थियों का परिणाम पहली परीक्षा में कंपार्टमेंट आता है, उन्हें दूसरी परीक्षा में कंपार्टमेंट श्रेणी के तहत मौका दिया जाएगा।
इसके अलावा अतिरिक्त विषय लेने या स्टैंड-अलोन विषय में परीक्षा देने की अनुमति नहीं होगी।