महराजगंज। आईटीआई प्रशिक्षण केंद्र धनेवा-धनेई में प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (पीएमकेवीवाई) में सरकारी धन के दुरुपयोग और धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इसका खुलासा कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय की टीम की जांच में हुआ है। इस मामले में राज्य सहभागिता अधिकारी विनय द्विवेदी की तहरीर पर पुलिस ने शनिवार को आरोपी तत्कालीन अनुदेशक अशोक यादव के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पुलिस को दी तहरीर में राज्य सहभागिता अधिकारी विनय द्विवेदी ने बताया कि शहर के धनेवा-धनेई स्थित आईटीआई प्रशिक्षण केंद्र में पीएमकेवीवाई के तहत युवाओं को प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार उपलब्ध कराने की योजना चल रही थी। इस दौरान केंद्र के जिम्मेदार निदेशक अशोक यादव की ओर से प्रशिक्षण के नाम पर फर्जी छात्र संख्या दिखाकर खानापूर्ति की जा रही थी। इसकी शिकायत कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय में की गई थी।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए गठित टीम ने पहले केंद्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान 118 छात्रों को नामांकित दिखाया गया था, लेकिन मौके पर कुछ ही छात्र उपस्थित मिले। इतना ही नहीं जांच में छात्र रिकाॅर्ड में भी हेराफेरी की पुष्टि हुई।
बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली में उपस्थिति और इलेक्ट्रॉनिक रिकार्ड में जालसाजी पाई गई। छात्रों की प्रोफाइल भी अवैध रूप से बनाई गई थी। मूल्यांकन परिणाम फर्जी प्रस्तुत किए गए थे। पीएमकेवीवाई दिशा-निर्देशों का उल्लंघन भी पाया गया।
वहीं सदर कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक सत्येंद्र कुमार राय के अनुसार मामले में अशोक यादव के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है। वर्तमान में आरोपी राजकीय आइटीआई छानवे मिर्जापुर जिले में तैनात है।