महराजगंज। पांच वर्ष तक के बच्चों में कुपोषण की जांच के लिए 12 व 15 दिसंबर को वजन दिवस का आयोजन होगा। 19 दिसंबर को छूटे हुए बच्चों का वजन लिया जाएगा। डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह ने बुद्धा सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में अभियान की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि वजन करने से कोई बच्चा छूटने न पाए। इसके लिए सभी आंगनबाड़ी कर्मचारी अपने क्षेत्र के सभी बच्चों की सूची तैयार कर लें। इससे उन्हें वजन दिवस पर छूटे
बच्चों, सहित सभी बच्चों का वजन करने का लक्ष्य प्राप्त होगा। इस कार्य में ग्राम प्रधान की महत्वपूर्ण भूमिका है।
उन्होंने सभी केंद्रों पर क्रियाशील हालत में वजन मशीन उपलब्ध कराने की हिदायत दी। बच्चों के लिए हलुआ, खिचड़ी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। डीएम ने बीएसए जय प्रताप सिंह को इस दिन स्कूल खुला रखने का निर्देश दिया। प्रधानाध्यापक एवं सहायक अध्यापकों से सक्रिय सहयोग की अपील करते हुए डीएम ने प्रत्येक दिन प्रार्थना के दौरान अभियान की जानकारी देने को कहा, ताकि सभी छात्र, छात्राएं अपने छोटे भाई बहन को केंद्र पर लाकर वजन कराएं।
उन्होंने अभियान के लिए तैनात 80 अधिकारियों को 12, 15 व 19 दिसंबर को अपने सेक्टर में वजन करने में सहयोग करने को कहा। वजन दिवस को अभियान है, परंतु यह निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। वजन के बाद पोषण की सही श्रेणी लाल, हरा, सामान्य भी चिंह्नित करना है। सभी सूचनाएं वेबसाइट पर अपलोड की जाएंगी। प्रभारी जिला कार्यक्रम अधिकारी गायत्री सिंह ने बताया कि सात व आठ दिसंबर को ब्लाकों पर प्रशिक्षण होना है। अभियान का प्रथम चरण 12 तथा द्वितीय चरण 15 दिसम्बर को चलेगा। सभी सेक्टर प्रभारी प्रशिक्षण में अवश्य भाग लेंगे।
उन्होंने बताया कि बच्चों की सूची तीन प्रति बनेगी। जिसमें दो सूची आंगनबाड़ी केंद्र पर रहेगी। एक ग्राम सभा प्रभारी के पास रहेगी। बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र तक लाने की जिम्मेदारी आशा, सहायिका, युवा मंगलदल, मातृ समिति के सदस्य, ग्राम प्रधान, ग्राम स्वास्थ्य स्वच्छता एवं पोषण समिति के सदस्य भी होगी।
उन्होंने बताया कि वजन दिवस के दिन प्रत्येक सेक्टर प्रभारी दो वजन मशीन तथा 04 वजन तालिका अपने साथ लेकर जाएंगे। सभी सेक्टर प्रभारी कम से कम दो बार सभी आंगनबाड़ी केंद्र का भ्रमण करेंगे। जहां पर प्रक्रिया पूर्ण पाई जाए वहां रैन्डमआधार पर बच्चों का वजन कराया जाए। बैठक में डिप्टी सीएमओ डा. आईए अंसारी, सभी सीडीपीओ, एबीएसए तथा सेक्टर प्रभारी अधिकारी उपस्थित रहे।