निराश्रित पशुओं को पकड़ने में निकाय खर्च करेंगे 35 लाख
दो नगर पालिका व पांच नगर पंचायतों पर पशुओं को पहुंचाने में खर्च होगा धन
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। नगर क्षेत्र में घूमने वाले आवारा पशुओं को पकड़ने व उन्हें मधवलिया गोसदन पहुंचाने में नगरीय निकाय प्रशासन 35 लाख रुपये खर्च करेगा। इसके लिए नगर पालिका महराजगंज व नौतनवां को कुल 35 लाख रुपये मिल भी गए हैं।
प्रदेश सरकार की तरफ से आवारा व छुट्टा पशुओं के लिए ग्रामीण व नगरीय क्षेत्र में पशु आश्रय स्थल बनाए जाने की कवायद चल रही है। इसके तहत स्थायी आश्रय स्थल बनने तक पशुओं को मधवलिया गोसदन तक पहुंचाने के लिए नगर पालिका महराजगंज 17.5 लाख रुपये और नौतनवां को भी इतनी ही धनराशि शासन स्तर से उपलब्ध कराई गई है। दोनों ही नगर पालिकाएं खुद के साथ ही आसपास के निकायों के पशुओं को गोसदन भेजवाने में पड़ने वाले खर्च की जिम्मेदारी उठाएंगी। इसके पीछे शासन की यह मंशा है कि जब तक निकाय क्षेत्रों में स्थायी तौर पर पशु आश्रय स्थलों के निर्माण के काम पूरे नहीं हो जाते हैं तब तक छुट्टा पशुओं को पकड़कर मधवलिया गोसदन में भेज दिया जाए। ताकि गोवंश को कोई दिक्कत न हो। यह धनराशि मिलने के बाद अब दोनों नगर पालिकाओं ने निराश्रित पशुओं को ढूंढने व उन्हें गोसदन पहुंचाने का निर्णय लिया है। नगर पालिका नौतनवां के अधिशासी अधिकारी वीरेंद्र कुमार राव ने बताया कि शासन स्तर से जारी धनराशि मिल गई है। रकम मिल जाने से अब निराश्रित पशुओं को सुविधाजनक तरीके से मधवलिया गोसदन भेजा जा सकेगा।
इन निकायों से मधवलिया गोसदन भेजे जाएंगे पशु
जिन निकायों से पशुओं को मधवलिया गोसदन भेजा जाना है उनमें नगरपालिका महराजगंज व नौतनवां के अलावा नगर पंचायत सोनौली, फरेंदा, सिसवां, घुघली व निचलौल शामिल हैं। नगर पंचायतों की तरफ से गोसदन भेजे जाने वाले पशुओं पर खर्च होने वाली धनराशि का भुगतान नजदीक के नगर पालिका की तरफ से किया जाएगा।