फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Maharajganj News: आशा कार्यकर्ताओं के आंदोलन से कार्य बाधित, कार्रवाई की सिफारिश

विज्ञापन
विज्ञापन
महराजगंज। आशा और आशा संगिनी द्वारा भुगतान एवं अन्य मांगों को लेकर किए जा रहे कार्य बहिष्कार से जिले के कुछ स्वास्थ्य उप केंद्रों पर टीकाकरण सत्र प्रभावित हो गया है। सीएमओ डॉ. श्रीकांत शुक्ला ने इस पर सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं, उत्तर प्रदेश को पत्र भेजकर कार्रवाई करने की मांग की है।
विज्ञापन

मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ श्रीकांत शुक्ला ने पत्र में बताया है कि जिले के विभिन्न ग्रामों और स्वास्थ्य उपकेंद्रों पर तैनात आशा कार्यकर्ता व आशा संगिनी ने भुगतान और अन्य लंबित मांगों को लेकर कार्य बाधित कर दिया है। इसके चलते ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्था प्रभावित हो रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन स्तर से आशाओं के भुगतान से संबंधित धनराशि समय से जारी कर दी गई है। सीएमओ ने कहा कि राज्य बजट से माह अक्तूबर 2025 तक का भुगतान किया जा चुका है। वहीं, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अंतर्गत सितंबर 2025 तक की धनराशि भी प्राप्त होकर वितरित कर दी गई है। अक्तूबर माह की राशि शासन से प्राप्त हो चुकी है और प्रक्रिया में है। साथ ही अगस्त व सितंबर माह की प्रतिपूर्ति राशि का भी भुगतान पूर्ण कर दिया गया है। सीएमओ ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि इस विषय पर 4 नवंबर को जिलाधिकारी को पत्र भेजा गया था। इसमें आशा व संगिनियों के भुगतान एवं अन्य मांगों के समाधान के लिए शासन स्तर पर पत्राचार किए जाने का आग्रह किया गया था। जिलाधिकारी ने भी इस संबंध में 7 नवंबर के माध्यम से राज्य स्तर पर कार्रवाई के लिए संस्तुति की है।
मुख्य चिकित्साधिकारी ने आगे बताया कि पूर्व में जिले के सभी चिकित्सा अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए गए थे कि किसी भी दशा में राजकीय कार्य बाधित नहीं होना चाहिए। जनता को स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए, यह सुनिश्चित किया जाए। इसके बावजूद, 8 नवंबर को कई स्थानों पर ब्लॉक स्तरीय प्रभारी चिकित्साधिकारियों ने सूचना दी कि स्वास्थ्य केंद्रों पर तैनात आशा व संगिनी ने कार्य से दूरी बना ली है और विभिन्न केंद्रों पर नियमित गतिविधियों में रुकावट आ रही है।
विज्ञापन

इससे जनमानस को टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं की देखभाल, नवजात शिशु सेवाओं और दवा वितरण जैसी सेवाओं में कठिनाई का सामना करना पड़ा है। सीएमओ ने इसे गंभीर मामला बताते हुए कहा कि शासन की ओर से भुगतान की प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से की गई है। इसके बावजूद कार्य का बाधित होना जनहित के विपरीत है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें