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Maharajganj News: हाईवे की रफ्तार पर मनमानी का ब्रेक, तीन किमी पर बना दिया 100 कट

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हाइवे की ग्रिल बैरीकेडिंग हटाकर सर्विस रोड पर जाने के लिए बने अवैध कट।
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सक्सेना चौक से लेकर केएमसी तक सुरक्षा बैरिकेडिंग में 100 कट
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हाईवे व सर्विस रोड के बीच है सुरक्षा के लिए लोहे की ग्रिल बैरिकेडिंग
महराजगंज। गोरखपुर से महराजगंज होते हुए फरेंदा तक (एनएच 730) के सर्विस रोड व हाईवे की सुरक्षा बैरिकेडिंग में तीन किमी की दूरी में 100 से अधिक कट बना दिए गए हैं। इससे सड़क हादसों का खतरा बढ़ गया है। इसके बावजूद इस मनमानी पर न तो एनएच प्रशासन की नजर है और न ही नगर निकाय कोई कार्रवाई कर रहा है।
गोरखपुर से महराजगंज होते हुए फरेंदा तक एनएच 730 का निर्माण 2019 में स्वीकृत हुआ और 2020 में निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया। इसी हाईवे पर सक्सेना चौक सर्विस रोड निर्मित है जो तीन किमी तक केएमसी मेडिकल कॉलेज तक निर्मित है। हाईवे के दोनों तरफ निर्मित सर्विस लेन पर वाहनों का आवागमन सुचारू रहे और पैदल यात्रियों को किसी तरह की समस्या न हो इसके लिए लोहे की ग्रिल की बैरिकेडिंग लगाई गई है।
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जनपद मुख्यालय पर बैरिकेडिंग को जगह-जगह से काटकर या उखाड़कर लोगों ने पैदल निकलने का मार्ग बना लिया है। बैरिकेडिंग के यह कट खतरनाक हैं। कारण कि हाईवे पर चल रहे वाहन अचानक कट से निकलने वाले को देखकर अनियंत्रित हो सकते हैं और गंभीर दुर्घटना हो सकती है। मनमानी के इस रवैये से हाईवे पर लगातार छोटी दुर्घटनाएं लगभग हर रोजाना ही हो रही हैं।
हाईवे पर छह जगह से सर्विस रोड से कर सकते हैं इंट्री
एनएच 730 पर सक्सेना चौक से मुख्यालय मोड़ तक नियमत: सिर्फ छह स्थान ही ऐसे हैं जहां सर्विस रोड से वाहन सीधे हाईवे पर आया जा सकता है। सक्सेना चौक (मुख्य चौराहा) से आगे बढ़ने पर सदर कोतवाली के सामने, स्टेट बैंक, ऑफिसर कालोनी, श्याम मंदिर, उद्योग तिराहा व विकास भवन मोड़ ऐसे स्थान हैं जहां सड़क सुरक्षा नियमों के अनुसार सर्विस रोड व हाईवे एक दूसरे से जुड़ते हैं। लेकिन हाईवे पर लगभग तीन किमी पर प्रत्येक दुकान के सामने कट दिख जाएगा। बैरिकेडिंग कट के सामने संचालित व्यवसायिक प्रतिष्ठानों तक पैदल यात्री बिना चक्कर लगाए पहुंचे इसके इंतजाम किए गए हैं। लेकिन संवाद की पड़ताल में किसी ने यह स्वीकार नहीं किया कि उसी ने बैरिकेडिंग में कट बनाया है। सभी का जवाब यही था कि बैरिकेडिंग कैसे कटी उन्हें जानकारी नहीं है।
वर्जन
हाईवे निर्माण के बाद यह उम्मीद थी कि अब दुर्घटना कम होगी क्योंकि यातायात नियमों के तहत लोग आवागमन करेंगे। लेकिन मुख्यालय पर इस हाईवे की स्थिति यह है कि कहीं से भी कोई हाईवे पर अचानक हाईवे पर आ जाता है। इससे रोजाना दुर्घटना हो रही है। अवैध कट बंद होना चाहिए।
-राम आसरे साहनी, शासत्रीनगर, महराजगंज।
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हाईवे पर अवैध कट एक तरह की मनमानी है। एनएच तो निर्माण के बाद यातायात नियम अनुपालन कराने के लिए नहीं आएगा। नियम अनुपालन स्थानीय प्रशासन व निकाय ही कराएंगे लेकिन इनकी उदासीनता के कारण अवैध कट पर कोई नियंत्रण नहीं दिखा रहा है।
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-मोहित मदन मद्धेशिया, कारोबारी बिस्मिल नगर
वर्जन
हाईवे की बैरिकेडिंग में गलत तरीके से कट बनाकर रास्ता बनाने वाली जगह चिह्नित कराई जाएगी और एनएच प्रशासन की अनुमति लेकर अवैध कट बंद कराकर आसपास के दुकानदारों को चेतावनी दी जाएगी कि भविष्य में अगर कट बना मिलेगा तो उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।
-आलोक कुमार मिश्रा, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद महराजगंज।
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