महराजगंज। सर्दी बढ़ने के कारण शीतलहर और वायुमंडल में प्रदूषण का असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। ओपीडी में सर्दी-जुकाम, बुखार-खांसी के साथ-साथ अस्थमा और एलर्जी के मरीज भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
सोमवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 832 मरीज उपचार के लिए पहुंचे, जिसमें अस्थमा के 8 और एलर्जी के 11 मरीज शामिल थे। चिकित्सकों की माने तो ठंड में लोग नहाने से परहेज करते हैं और ऊनी कपड़े पहनने में अधिक प्रयुक्त करते हैं। ऐसे मरीजों को एलर्जी की समस्या हो सकती है और शरीर में छोटे दाने व लाल चकत्ते हो जाते हैं जिसमें खुजली और दर्द दोनों झेलना पड़ता है।
इसलिए स्नान करना न छोड़ें और ऊनी वस्त्र सिर्फ उपर से ही पहने अंदर पहनने से परहेज करें। वहीं अस्थमा की समस्या इस लिए बढ़ती है क्योंकि लोग टोपी व मफलर पहनने से बचते हैं जिसके कारण सर्दी के कारण सांस लेने में परेशानी और सांस फूलने की समस्या होती है।
इससे निपटने के लिए ठंड से बचाव और गर्म पानी का सेवन लाभप्रद हो सकता है।