त्रिमुहानी घाट पर जितेंद्र का शव रखकर फरेंदा मार्ग जाम किया
एक विधायक पर भी केस दर्ज करने की मांग पर अड़े रहे परिवार के लोग और ग्रामीण, पुलिस ने किया हल्का बल प्रयोग
विधायक व पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर की गई नारेबाजी
महराजगंज। पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के हरैया बरगदवां निवासी जिला पंचायत सदस्य के बेटे जितेंद्र यादव की हत्या से नाराज लोगों ने मंगलवार को पोस्टमार्टम बाद शव त्रिमुहानी घाट पर रखकर फरेंदा मार्ग जाम कर दिया। परिवार वाले और ग्रामीण एक विधायक के खिलाफ भी केस दर्ज करने की मांग कर रहे थे। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर जाम खुलवाया और परिवार वालों को कार्रवाई का भरोसा दिया। शाम पांच बजे लगा जाम सवा घंटे बाद समाप्त हुआ। इसके बाद परिवार वाले शव लेकर गांव के लिए रवाना हुए। अस्पताल परिसर भी पुलिस छावनी में तब्दील रहा।
उल्लेखनीय है कि सोमवार को महुअवां में बाइक सवार बदमाशों ने जितेंद्र यादव की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना में उसका साथी घायल हो गया था। मंगलवार को जिला अस्पताल में हिस्ट्रीशीटर जितेंद्र यादव का पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच पोस्टमार्टम हुआ। कई थानों की पुलिस जिला अस्पताल परिसर में डेरा डाले रही। सुरक्षा व्यवस्था की कमान एएसपी आशुतोष शुक्ल संभाले रहे। पोस्टमार्टम बाद शव लेकर परिवार वाले घर के लिए रवाना हुए। इस बीच फरेंदा रोड पर त्रिमुहानी घाट के पास शव को रखकर सड़क को जाम कर दिया गया। परिवार के लोग एक विधायक पर केस दर्ज करने के साथ ही 50 लाख की आर्थिक सहायता सरकार से दिलाने की मांग करने लगे। आक्रोशित लोगों ने पुलिस प्रशासन समेत विधायक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मौके पर एएसपी समेत सीओ और कई थानों की पुलिस जमी रही। सभी को समझाने की कोशिश की जाने लगी लेकिन बात नहीं बनी। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया तो भीड़ तीतर बितर हुई। इसके बाद एएसपी समेत सपा नेताओं ने परिजनों को समझाना शुरू किया। तबजाकर बात बनी और करीब सवा घंटे बाद जाम समाप्त होने पर आवागमन बहाल हुआ। इस दौरान कांग्रेस नेता वीरेंद्र चौधरी, सपा नेता अमित चौबे समेत तमाम लोग मौजूद रहे।
एएसपी आशुतोष शुक्ल ने बताया कि परिजनों को समझाते हुए निष्पक्ष कार्रवाई का भरोसा दिया गया है। पुलिस प्रत्येक बिंदु पर ध्यान देते हुए जांच कर रही है।
पुलिस पर जबरन तहरीर बदलवाने का आरोप
मृतक की पत्नी बबिता ने आरोप लगाया कि पुलिस ने जबरन तहरीर बदलवा दी। पहले की तहरीर में विधायक का नाम था। इस वजह से पुलिस सत्ता पक्ष के दबाव में आकर तहरीर को बदलने का दबाव बनाने लगी। मानसिक रूप से दबाव बनाकर पुलिस यह कहने लगी कि तुम्हारा पति भी अपराधी था। दबाव बनाने वाली अन्य बातों को भी पुलिस ने कहा। अंत में दबाव में आकर तहरीर बदलनी पड़ी। अब फिर से तहरीर दी जाएगी। पुलिस को नए सिरे से मुकदमा लिखना होगा। वहीं थानाध्यक्ष फरेंदा एके सिंह ने बताया कि आरोप बेबुनियाद है। पुलिस निष्पक्ष ढंग से कार्य कर रही है।
‘विधायक पर दर्ज करें केस, अन्यथा नहीं होगा अंतिम संस्कार’
त्रिमुहानी घाट पर जाम समाप्त होने पर मृतक जितेंद्र के घर वाले पुलिस पर गंभीर आरोप मढ़ रहे थे। परिजनों के मुताबिक दबाव बनाकर जाम समाप्त कराया गया। मृतक की पत्नी बबिता और उसकी मां अमरावती देवी ने कहा कि जब तक सत्ताधारी दल के विधायक पर केस दर्ज नहीं होगा, शव का अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। पुलिस सत्ता पक्ष के दबाव में हम लोगों का उत्पीड़न करने में लगी है। परिजनों के आक्रोश को देखते हुए मृतक के गांव हरैया बरदगवां में पुलिस का पहरा है।
शव का एक्सरे कराया गया
जिला पंचायत सदस्य के बेटे जितेंद्र यादव के शव का पोस्टमार्टम हुआ तो पता चला की उसे चार गोली लगी थी। डॉक्टरों के मुताबिक एक गोली सीधे सिर में लगी थी। दो गोली आंत में फंसी हुई थी। चौथी गोली सीने पर लगी थी। शव का एक्सरे भी कराया गया।
जितेंद्र हत्याकांड : छह पर केस, दो गिरफ्तार
महुअवां गांव के सामने दो बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर की थी हत्या
सुरक्षा के लिहाज से हरैया बरगदवां गांव में पुलिस तैनात
संवाद न्यूज एजेंसी
फरेंदा। हरैया बरगदवां निवासी जिला पंचायत सदस्य अमरावती देवी के बेटे जितेंद्र यादव की सोमवार को हुई हत्या के मामले में पत्नी बबिता की तहरीर पर पुलिस ने चार नामजद समेत छह लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सुरक्षा के लिहाज से गांव में पुलिस तैनात कर दी गई है।
फरेंदा क्षेत्र के वार्ड नंबर 28 की जिला पंचायत सदस्य के तीसरे नंबर के पुत्र जितेंद्र यादव की महुअवां गांव के बाहर महदेवा से वापस घर लौटते समय बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। पत्नी ने हत्या के पीछे मुख्य वजह पुरानी रंजिश बताते हुए गांव के छह लोगों को आरोपी बनाया है। एसपी रोहित सिंह सजवान ने बताया कि हरैया बरगदवां निवासी रामवृक्ष, महावीर, दीनानाथ व रामकेश सहित दो अज्ञात के खिलाफ हत्या व हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर रामवृक्ष एवं महावीर को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश पुलिस कर रही है। घटना के बाद से गांव में बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दिया गया है।
दहशत में हरैया गांव के लोग
फरेंदा। हरैया गांव के जितेंद्र यादव की गोली मारकर हत्या करने के बाद पूूरा क्षेत्र स्तब्ध है। दो माह के भीतर लगातार दो बार गोली मारने की घटना से लोगों में दहशत है। गांव के चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात है। परिवार में महिलाओं व पुरुषों की चीख पुकार से पूरा गांव गमगीन है। परिजन पुलिस की कार्यप्रणाली को दोषी ठहरा रहे हैं। अमरावती देवी बेटे की मौत के बाद पूरी तरह से टूट गईं हैं। वह दहाड़ मारकर रोते हुई बेटे का नाम लेकर बेसुध हो जा रहीं हैं। मां ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। जितेंद्र के दो भाई गुजरात में काम करते हैं। मौत की सूचना पाकर वह घर के लिए निकल पड़े हैं।