महराजगंज/फरेंदा। बार काउंसिल ऑफ इंडिया के आह्वान पर सिविल कोर्ट बार एसोसिएशन फरेंदा के अधिवक्ताओं ने मंगलवार को अधिवक्ता संशोधन विधेयक 2025 के विरोध में बैठक किया। बिल के खिलाफ अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहे।
सिविल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रविंद्र नाथ उपाध्याय ने कहा कि अधिवक्ता संशोधन विधेयक 2025 जो अधिवक्ताओं के स्वतंत्रता पर प्रतिकूल प्रभाव डालते हुए अधिवक्ता हितों पर कुठाराघात करने का एक प्रयास है। वरिष्ठ अधिवक्ता अरविंद मिश्र व सुदेश मोहन श्रीवास्तव ने कहा कि संशोधन बिल वादकारियों के हित को सीधे प्रभावित करेगी जो कि न्याय हित के खिलाफ है।
बैठक को मंत्री अनिल पासवान, मनोज मिश्र, डीएन चतुर्वेदी ने संबोधित किया। इस दौरान प्रेम सिंह, रामसहाय गुप्ता, स्कंद श्रीवास्तव, ज्वाला मणि, मुहम्मद हई, शैलेंद्र श्रीवास्तव, अनिल मौर्य, ओमकार मौर्या मौजूद रहे। उधर, महराजगंज दीवानी कचहरी परिसर में अधिवक्ताओं ने कुछ देर धरना दिया। अधिवक्ता संशोधन विधेयक-2025 को लेकर अधिवक्ताओं ने गुस्से का इजहार किया।