संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। कुशीनगर के एक युवक ने महराजगंज के तीन व्यक्तियों पर विदेश भेजने के बहाने लाखों रुपये ठगने का आरोप लगाते हुए स्थानीय न्यायालय में याचिका दायर की। याचिकाकर्ता इरफान अहमद ने दावा किया है कि आरोपियों ने उनके भाई को विदेश भेजने का झांसा देकर कुल 3,84,572 रुपये हड़प लिए।
याचिका सिविल जज जूनियर डिवीजन/ न्यायिक मजिस्ट्रेट महराजगंज के समक्ष प्रकीर्ण प्रार्थनापत्र दायर किया गया है। इसमें याचिकाकर्ता इरफान अहमद निवासी पचार, थाना कप्तानगंज, जनपद कुशीनगर ने तीन आरोपियों आमिर खान, नूरजहां खातून और जमीर खान सभी निवासी रायपुर, थाना कोठीभार, जनपद महराजगंज पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है।
याचिका धारा 173(4) भारतीय न्याय सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) के अंतर्गत दायर की गई है, जिसमें एफआईआर दर्ज कराने की मांग की। याचिका के अनुसार, यह मामला जून 2024 में शुरू हुआ। इरफान के भाई मुजाहिद इजहार अहमद और आरोपी आमिर खान कुवैत में रहते हैं।
आमिर ने इरफान को मोबाइल फोन के माध्यम से संपर्क कर कहा कि वह उनके भाई को विदेश (कुवैत या अन्य देश) भेजने की व्यवस्था कर सकता है। इसके लिए 2,10,000 रुपये की मांग की गई। आमिर ने पत्नी नूरजहां खातून के मोबाइल नंबर और भाई जमीर खान से बात कराई, जिससे इरफान को विश्वास हो गया।
इरफान ने अपने बेटे इजहार के फोन-पे नंबर और दूसरे बेटे इसरार अहमद के फोन-पे नंबर के माध्यम से 2,10,000 रुपये नूरजहां के गूगल-पे अकाउंट पर ट्रांसफर कर दिए। हालांकि, विदेश भेजने का वादा पूरा नहीं हुआ। याचिका में कहा गया है कि आमिर ने धीरे-धीरे वीजा, पासपोर्ट और स्वास्थ्य प्रमाणपत्र के नाम पर अतिरिक्त रकम मांगी, जिससे कुल राशि 3,84,572 रुपये हो गई। इरफान ने विश्वास में यह रकम भी भेज दी, लेकिन भाई को विदेश नहीं भेजा गया। जब इरफान ने पैसे वापस मांगे, तो आरोपियों ने पहले सुलह का वादा किया, लेकिन बाद में इनकार कर दिया। याचिकाकर्ता का दावा है कि आमिर ने कहा, मैंने सारे पेपर तैयार कराए, लेकिन भेज नहीं सका, इसलिए कोई पैसा वापस नहीं करूंगा।
मामले की गंभीरता तब बढ़ गई जब इरफान ने शिकायत की। आरोप है कि आमिर, नूरजहां और जमीर ने मिलकर इरफान और उनके भाई को डराना-धमकाना शुरू कर दिया। उन्हें गालियां दी गईं और धमकियां मिलीं।
इरफान ने स्थानीय थाना कोठीभार में शिकायत दर्ज कराने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने आरोपियों के पक्ष में होकर कोई कार्रवाई नहीं की। याचिकाकर्ता ने लिखित रूप से कई बार प्रयास किया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। थक-हारकर इरफान ने 30 जून 2025 को अदालत में याचिका दायर की। थानाध्यक्ष कोठीभार धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपियों पर केस दर्ज किया गया है।