20,872 विद्यार्थियों केे अभिभावकों की नहीं हुई आधार सीडिंग
महराजगंज। खाते से आधार सीडिंग (बैंक खाते से आधार का जुड़ाव) न होने से जिले के 20,872 विद्यार्थियों के अभिभावकों को डीबीटी की धनराशि भेजने में समस्या आ सकती है। इसमें सर्वाधिक संख्या नौतनवां ब्लॉक की है। बेसिक शिक्षा विभाग ने खंड शिक्षा अधिकारियों को अविलंब आधार सीडिंग सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है। यह भी कहा है कि इस कार्य में किसी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं होगी।
जिले में जिन 20,872 विद्यार्थियों के अभिभावकों के खाते आधार से सीड नहीं है उसमें नौतनवां ब्लॉक के सर्वाधिक 2895, लक्ष्मीपुर ब्लॉक के 2207, निचलौल ब्लॉक के 2438, मिठौरा के 2348, सिसवां के 1405, बृजमनगंज के 1512, धानी के 524, फरेंदा के 1303, सदर के 2275, घुघली के 1520, पनियरा के 1163 व परतावल के 943 विद्यार्थियों के अभिभावकों के खाते आधार से सीड नहीं हैं। इसी प्रकार नगर क्षेत्र में आनंदनगर में 13, घुघली में 12, नौतनवां में 113, महराजगंज में 161, निचलौल में 13 व सिसवां में 27 खाते आधार से सीड नहीं हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओमप्रकाश यादव ने बताया कि खंड शिक्षा अधिकारी अविलंब खाते को आधार से सीड कराना सुनिश्चित करें जिससे सुविधा से डीबीटी की धनराशि अभिभावकों के खाते में जोड़ा जा सके।
आधार खाते से जुड़ने के बाद भी खाते में नहीं पहुंच रही रकम
लक्ष्मीपुर। ग्राहकों व बैंक कर्मियों के लिए पब्लिक फाइनेशियल मैनेजमेंट सिस्टम के तहत संचालित डीबीटी प्रणाली मुसीबत बन गई है। अधिकांश ग्राहकों के खाते से आधार सीडिंग होने के बाद भी सरकारी लाभांश खाते में नहीं पहुंच रहा है जिससे लाभार्थी को बैंक का चक्कर लगाना पड़ रहा है। ग्राहक इश्तेयाक अहमद, उर्मिला, प्रेमा, ब्रह्मा, सुनीता, दीनदयाल, इंद्रावती, गुलाब, संतलाल, अरुण कुमार, रामबचन, सुरेंद्र, पुजारी आदि ने बताया कि उनका खाता आधार से लिंक हो चुका है। छोटे बैंक (ग्राहक सेवा केंद्र) से जमा निकासी फिंगर लगाकर नियमित हो रहा है लेकिन सरकारी योजनाओं का धन खाते में नहीं आ पाया है। विभागीय अधिकारियों से बात करने पर पता चल रहा है कि वह खाते में रकम भेज चुके हैं। जिससे ग्राहकों को बैंक के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। बैंककर्मियों की भी दिक्कतें बढ़ गई हैं क्योंकि ग्राहकों के खाते के आधार से सीडिंग होने के बाद रकम खाते में नहीं आना उनकी समझ से बाहर लग रहा है। खाता से आधार सीडिंग होने के बाद भी ग्राहक पासबुक व आधार लेकिन बैंकों के चक्कर लगा रहे हैं। भगीरपुर एसबीआई मैनेजर जितेन्द्र कुमार ने बताया कि शाखा में 32 हजार खाते हैं। इन खातों में छात्रवृत्ति, पीएम सम्मान निधि, सरकारी धान क्रय केंद्र द्वारा किसानों के खाते में प्रेषित रकम, परिषदीय विद्यालयों के बच्चों ड्रेस आदि की रकम, राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम के तहत संचालित पेंशन योजनाओं की धनराशि वर्तमान में पीएफएमएस सिस्टम के डीबीटी के जरिए खाते में पोस्ट होने का प्रावधान है। जिसके लिए अधिकांश खाताधारकों ने खाते आधार से लिंक करा लिए हैं।