महराजगंज। जिले में मां लक्ष्मी गणेश की प्रतिमा विर्सजन परंपरागत ढंग से हुआ। नगर में स्थापित मां लक्ष्मी गणेश की प्रतिमा का विसर्जन त्रिमुहानी नदी तट पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हुआ। इसके अलावा जिले में विभिन्न स्थानों पर प्रतिमा विर्सजन किया गया। चौक, सिंदुरिया, बागापार, कोल्हुई, लक्ष्मीपुर, धानी बाजार, बृजमनगंज समेत अन्य स्थानों पर स्थापित मां लक्ष्मी गणेश की प्रतिमा का विर्सजन हुआ।
सिसवा बाजार-कोठीभार प्रतिनिधि के अनुसार नगर में स्थापित लगभग डेढ़ दर्जन मां लक्ष्मी व श्री गणेश की प्रतिमाएं शुक्रवार को परंपरागत तरीके से देर शाम ग्राम सभा बीजापार स्थित खेखड़ा नाले में विसर्जित की गईं। इस दौरान नगर की युवतियों व महिलाओं ने समितियों द्वारा सजाई गई पालकी को खींचकर नगर भ्रमण कराया, जो लोगों के आकर्षण का केंद्र रहा। शुक्रवार को नगर में स्थापित की गई मां लक्ष्मी व श्री गणेश प्रतिमाओं को समितियों द्वारा परंपरागत तरीके से इस्टेट परिसर में प्रात: 11 बजे लाया गया। इस्टेट परिवार द्वारा पूजा अर्चना के बाद प्रतिमाओं को इस्टेट परिसर से क्रमबद्ध तरीके से निकाला। खेखड़ा नाले में प्रतिमा विसर्जित की गई। इस दौरान कस्बे के श्रीश्री लक्ष्मी पूजा सेवा समिति विशाल अखाड़ा अमरपुरवां तथा श्रीश्री लक्ष्मी पूजा सेवा समिति बासुदेव नगर सिसवा बुजुर्ग के युवाओं द्वारा तैयार की गई मनमोहक पालकी को नगर की युवतियों व महिलाओं ने बिदाई गीतों पर नम आंखों से खींचकर नगर भ्रमण कराया, जिसे देख लोगों की आंखों से आंसू छलक पड़े।
परतावल प्रतिनिधि के अनुसार श्यामदेउरवां थानाक्षेत्र के बड़हरा बरईपार में लक्ष्मी जी की मूर्ति विसर्जन प्रशासन की मौजूदगी में सकुशल संपन्न कराया गया। एडीएम इंद्रभूषण वर्मा, एएसपी आशुतोष शुक्ल, एसडीएम सदर सत्यम मिश्रा, सीओ सदर देवेन्द्र कुमार के निगरानी में अतिसंवेदनशील गांव बड़हरा बरईपार में शांति सुरक्षा के बीच मूर्ति विसर्जन हुआ। मिठौरा प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र के ग्राम सभा परसामीर, सोनवल, सिंदुरिया, मिठौरा, भागाटार, बरोहिया ढाला, बड़हरामीर, पकड़ियार बुजुर्ग आदि स्थानों पर स्थापित देवी लक्ष्मी की प्रतिमाओं का शुक्रवार को ढोल -नगाड़े के साथ विधि-विधान पूर्वक देवरिया शाखा की बड़ी गंडक नहर में विसर्जन किया गया।