महराजगंज। अचानक बढ़ी ठंड ने बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालना शुरू कर दिया है। ठंड की चपेट में आकर बच्चे बीमार हो रहे हैं। सर्दी-खांसी के साथ उन्हें निमोनिया, वायरल फीवर तेजी से हो रहा है। हालात ये हैं कि सोमवार को जिला अस्पताल में इससे पीड़ित बच्चों की संख्या सबसे अधिक रही। इधर कुछ दिनों से मौसम ज्यादा सर्द होने के कारण बच्चे बीमार पड़ रहे हैं। ठंड से बचाव में जरा सी चूक बच्चों को बीमार बना रही है। वायरल फीवर, निमोनिया से भी बच्चे पीड़ित हो रहे हैं। घरेलू उपचार में आराम न मिलने पर उन्हें अस्पतालों में भर्ती कराना पड़ रहा है।
बाल रोग विशेषज्ञ डाक्टर डीके सिंह ने बताया कि ठंड शुरू होने के बाद जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन आने वाले बच्चों का आंकड़ा 60 से ऊपर हो जा रहा है। ऐसे में बच्चों की देखभाल जरूरी है। बच्चों को गर्म कपड़े पहनाकर रखें और उल्टी या दस्त होने की सूरत में उन्हें ओआरएस का घोल पिलाते रहें। घरेलू तौर पर नमक और शक्कर का घोल भी पिलाते रहे। इससे बच्चे के शरीर में पानी की कमी नहीं होगी। जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड में भी वायरल फीवर और निमोनिया के कुछ बच्चे भर्ती हैं।
सोमवार को शालिनी, नीतिन, राहुल, अंकित, कुसुम, प्रियांशु, गरिमा, अनन्या समेत अन्य बच्चे बाल रोग विशेषज्ञ कक्ष में इलाज के लिए अभिभावकों संग पहुंचे। इन्हे वायरल फीवर, निमानियां हुआ है। इलाज के बाद उचित परामर्श देकर चिकित्सकों ने घर भेज दिया। वहीं कुछ बच्चों को जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड में भर्ती किया गया। बच्चों के इलाज के लिए डाक्टरों की टीम अस्पताल प्रशासन की ओर से तैनात की गई है। अस्पताल में एआरवी इजेक्शन लगवाने के लिए कक्ष में ज्यादा भीड़ लगी रही। वहीं पैथालाजी और एक्स-रे कक्ष के पास ज्यादा मरीज दिखे।
बाल रोग विशेषज्ञ डाक्टर आरपी राय कहते हैं कि ठंड से बचाव के लिए जागरूक रहने की जरूरत है। ज्यादा दिक्कत होने पर तुरंत अस्पताल लेकर आवें। बदलता मौसम बच्चों के लिए काफी नुकसानदेह साबित होता है।
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ठंड को देखते हुए बच्चों के इलाज के लिए अस्पताल में विशेष प्रबंध किया गया है। बाल रोग विशेषज्ञों की टीम इलाज के लिए लगाई गई है। ओपीडी में समस्य से उपस्थित होकर सभी चिकित्सक इलाज करने में लगे हैं।
डॉक्टर आरबी राम, सीएमएस, जिला अस्पताल, महराजगंज।