महराजगंज। निचलौल थाना क्षेत्र के मेघौली अराजी निवासी संदीप कुमार गुप्त को जिला जज अरविन्द मलिक ने दोषी करार करते हुए 10 वर्ष का कारावास व 15 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है। दहेज उत्पीड़न और आत्महत्या करने के लिए प्रेरित करने का आरोप सिद्ध होने पर यह सजा सुनाई गई है।
पत्रावली से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम पिपरा कल्याण थाना कोतवाली निवासी शिव शंकर गुप्ता ने अपनी बेटी अपर्णा गुप्ता का विवाह मेघौली अराजी थाना निचलौल निवासी संदीप कुमार गुप्त से किया था। कुछ दिनों के बाद संदीप पत्नी को अतिरिक्त दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगा व मारपीट करने लगा। इस बीच संदीप व अपर्णा एक पुत्र व पुत्री के माता-पिता बने।
23 जून 2017 को अपर्णा ने दहेज उत्पीड़न से तंग आकर स्वयं को आग लगा लिया। अपर्णा की इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में मौत हो गई। पिता की तहरीर पर थाना निचलौल ने मुकदमा पंजीकृत कर विवेचना के पश्चात आरोपी संदीप कुमार गुप्त के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय समक्ष प्रस्तुत किया। जिला जज अरविन्द मलिक ने अभिलेखीय साक्ष्यों, गवाहों तथा जिला शासकीय अधिवक्ता ब्रजेंद्र नाथ त्रिपाठी व बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद सजा सुनाई।