ललितपुर। जिला मुख्यालय पर शहर सीमा के भीतर संचालित आलीशान होटलों व भोजनालयों के साथ ही आस-पास स्थित ढाबों पर लंबे समय से खुलेआम लोगों को शराब परोसी जा रही है। वर्तमान में भी पुलिस प्रशासन व जिला प्रशासन पर इस पर अंकुश नहीं लगा सका है, इससे नगर निकाय चुनाव के मद्देनजर लागू आचार संहिता की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
चुनावों के दौरान कानून व्यवस्था व शांति का माहौल बनाए रखने के लिए चुनाव प्रभावी इलाकों में आधार 144 व आदर्श आचार्य संहिता लागू की जाती है और इसका पालन कराने की जिम्मेदारी जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन की मुख्य तौर पर होती है। हाल में चल रहे नगर निकायों के चुनाव के मद्देनजर आचार संहिता लागू हैं, इसके बाद भी प्रत्याशियों द्वारा वोटरों को खुलेआम शराब परोसी जा रही है। शराब परोसने का काम वर्तमान में शहर व शहर के आस-पास खुलेआम चल रहा है। शहर के समीप नेशनल हाइवे मार्ग पर दर्जनों मांसाहारी ढाबे चल रही हैं और लगभग इन समस्त ढाबों पर लोगों को खुलेआम शराब परोसी जा रही है। केवल शहर के बाहर संचालित इन ढाबों में नहीं, बल्कि शहर के अंदर संचालित आलीशान होटलों व भोजनालयों में भी शराब परोसी जा रही है। गौरतलब है कि शहर क्षेत्र में रेलवे स्टेशन के आसपास स्थित होटलों व भोजनालयों में, जिला अस्पताल के पास बने मांसाहारी अस्थाई भोजनालयों समेत अन्य स्थलों पर खुलेआम शराबखोरी को अंजाम दिया जा रहा है। वर्तमान में चल रहे चुनाव को देखते हुए पुलिस व जिला प्रशासन को सख्ती दिखाना जरूरी है। आमलोगों की आड़ में प्रत्याशी अपने वोटरों को लुभाने के लिए भी इन्हीं होटलों, भोजनालयों व ढाबों में शराब परोसी जा रही है।
इनका कहना है
ढाबों और होटलों पर शराब पीने से रोकने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। चुनाव को देखते हुए अभियान में और तेजी लाई जाएगी।
सलमान ताज पाटील, एसपी