नगर के मोहल्ला आजादपुरा में राजपूत कालोनी के सामने वाली गली में खाली पडे़ प्लाटों में जलभराव की समस्या से मोहल्लेवासी परेशान है। अक्सर इससे लोगों में विवाद की स्थिति बनी रहती है। मोहल्लेवासियों का कहना है कि पालिका में शिकायत करने के बाद पानी को निकाल दिया गया, लेकिन उसका स्थाई समाधान नहीं किया गया।
नगर पालिका परिषद एक ओर स्वच्छ सर्वेक्षण में रैंकिंग बढ़ाने के लिए दिन रात एक रहा है। प्रचार प्रसार पर भी लाखों रुपये व्यय किए जा रहे हैं। लेकिन, जिन जगहों पर गंदगी का साम्राज्य है, उन्हें छुआ तक नहीं जा रहा है। जिससे समस्या दिनों दिन खराब होती जा रही है। राजपूत कालोनी के सामने वाली गली में गहरा रही सफाई की समस्या को नजरअंदाज किया जा रहा है। गिरजेश कुमार अनुरागी के मकान के बगल में खाली प्लाट में नाली का गंदा पानी भर रहा है। अनुरागी के मकान से सटी गली में पेबर ब्रिक्स उखड़ने लगा है। वहीं, मकान के पीछे खाली प्लाट में भी गंदा पानी एकत्रित हो रहा है।
दीपक मिश्रा के मकान के सामने भी रास्ता कच्चा बना हुआ है। शिकायत पर पालिका ने मिट्टी का पुराव कराया था तब से लेकर आज तक इस गली के हालात नहीं बदले हैं। मोहल्लेवासियों का कहना है कि आजादपुरा में खाली प्लाटों में या तो कचरा या फिर नाली का गंदा पानी इकट्ठा होने से बड़ी परेशानी रही है। इस मामले में नगर पालिका न तो सफाई-व्यवस्था को सही कर पा रही है और न ही कचरा फेंकने वालों पर कार्रवाई कर रही है।
आईजीआरएस से भी नहीं हो सका निदान
आजादपुरा में जल भराव की समस्या बहुत खराब है। इसकी शिकायत आईजीआरएस (जनसुनवाई पोर्टल) पर की गई थी। जिसमें पालिका ने रस्म अदायगी करते हुए उसे निस्तारित दिखा दिया। लेकिन आज भी खाली प्लाटों में नाली का गंदा पानी एकत्रित हो रहा है।
दीपक मिश्रा
गंदा पानी निकालने को रख दिया पंप सेट
खाली प्लाट में गंदा पानी निकाले के लिए पंप सेट रखा गया है। जिसे तीन-चार दिन के अंतराल में चलाया जाता है। इसमें गंदा पानी तो निकल जाता है लेकिन प्लाटों में कीचड़ हमेशा बना रहता है। जिसका रास्ता अभी तक निकाला नहीं जा सका है। जिससे मच्छर भी पनपते हैं।
अंकित राजपूत
जलभराव से मकान में आ गई सीलन
मकान के बगल में और पीछे खाली प्लाट हैं जिनमें नाली का गंदा पानी एकत्रित हो रहा है। कई बार नगर पालिका में इसकी शिकायत कर चुके हैं। इसके बाद भी समस्या जस की तस है। प्लाट मालिक से लेकर जिम्मेदार अधिकारी इस मामले से पीछा छुड़ा रहे हैं। जिसका खामियाजा आसपास रहने वाले परिवारों को परेशान होकर भुगतना पड़ रहा है।
चंद्रकांता अनुरागी
सफाई को लेकर मुहल्ले में होते झगड़े
मोहल्ले में सफाई नहीं होने से आए दिन झगड़े की स्थिति बन जाती है। बीते दिनों कोतवाली प्रभारी निरीक्षक को बुलाना पड़ा था। नगर पालिका के जेई आए थे, वह भी मोहल्लेवासियों को आश्वासन देकर चले गए।
राधा कुशवाहा
ये लिखा था ईओ ने पत्र
मोहल्ले के दीपक मिश्रा ने आईजीआरएस पर शिकायती की थी। जिसके जवाब में पालिका के ईओ अवनींद्र कुमार ने शिकायतकर्ता को पत्र लिखा था। इसमें बताया गया था 15 सितंबर को की गई शिकायत के निस्तारण के लिए सफाई एवं खाद्य निरीक्षक एवं अवर अभियंता ने निरीक्षण किया है। जिसमें पंप सेट द्वारा जल भराव की निकासी करा दी गई है साथ ही शिकायतकर्ता द्वारा जो प्लाटों के पुराव की मांग की गई है, उन्हें व्यक्तिगत होने के कारण पालिका स्तर से पुराव किया जाना संभव नहीं है। नाली निर्माण के लिए नईम के मकान के बगल से हीरालाल के मकान की ओर नाली निर्माण की कार्य योजना बना ली गई है। स्वीकृति एवं बजट मिलने के बाद उसे प्राथमिकता के आधार पर कराया जाएगा।