ललितपुर। सहायक संभागीय परिवहन विभाग द्वारा संचालित लर्निंग ड्राइविंग की कंप्यूटराज्ड परीक्षा को मात्र तीस फीसदी लोग ही पास कर पा रहे हैं। मुख्यालय द्वारा लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के लिए आरएफडी (रिकॉर्ड फुल डिटेल्ड) के तहत प्राथमिक रुप से कंप्यूटराज्ड परीक्षा पास करना अनिवार्य कर दिया है।
नई प्रक्रिया में आवेदकों को निर्धारित प्रारूप व निर्धारित फीस के साथ आवेदन करना होता है। इसके बाद बायोमैट्रिक प्रक्रिया पूरी करनी होती है। यहां से ओके होने पर उक्त आवेदकों को कंप्यूटर ऑपरेटर के समक्ष ऑन-लाइन कंप्यूटराज्ड ट्रैफिक रुल्स से संबंधित बीस प्रश्नों को हल करना पड़ता है। 20 में से 12 प्रश्नों के जवाब देना अनिवार्य है। यदि कोई परीक्षा में फेल हो जाता है, तो उसे एक मौका और दिया जाता है और एक सप्ताह बाद उसे फिर प्रक्रिया से गुजरना होता है। इसका उस आवेदक को कोई शुल्क नहीं देना पड़ता। दूसरी बार भी परीक्षा में फेल होने पर उसका आवेदन रद्द कर दिया जाता है। इसके बाद उस आवेदनकर्ता को फिर से लर्निंग लाइसेंस के लिए आवेदन करना होगा। अब तक 50 में से कुल बीस आवेदक ही परीक्षा पास कर सके हैं।
परिवहन विभाग बताएगा ट्रैफिक रुल्स
ललितपुर। परीक्षा में फेल होने वाले आवेदकों को यातायात के नियमों की जानकारी दी जाएगी। निर्देशों के क्रम में विभाग द्वारा परीक्षा में फेल होने वाले आवेदकों को किताब मुहैया कराए जा रही है। किताब में हर ट्रैफिक संकेत का अर्थ बताया है। परीक्षा में भी संकेतकों के अर्थ को ही पूछा जाता है।
लाइसेंस के लिए कंप्यूटराज्ड ऑन-लाइन परीक्षा पास करना अनिवार्य कर दिया है। अब तक हुए आवेदनों में 70 सत्तर फीसदी आवेदक फेल हुए हैं। ऐसे आवेदकों को विभाग द्वारा ट्रैफिक संकेतों के अर्थ से संबंधित किताब निशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है। ताकि वह आगामी परीक्षा में संकेतों के सही अर्थ बता सके।
-सतेंद्र कुमार,
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रशासन