संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। थाना बानपुर क्षेत्र के ग्राम गंगचारी में वर्ष 2014 में हुए लूटकांड के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (दस्यु प्रभावित क्षेत्र) की अदालत ने दंपती समेत तीन आरोपियों को दोषी करार देते हुए पांच-पांच वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने तीनों पर 20-20 हजार रुपये, कुल 60 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड जमा न करने पर प्रत्येक दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
अभियोजन के अनुसार ग्राम गंगचारी निवासी श्रीपत पुत्र बाबूलाल ने न्यायालय में परिवाद दायर कर बताया था कि चार मई 2014 की रात वह अपने साथियों रमसू और केहर सिंह के साथ गढ़ी स्थित बाखर की रखवाली के लिए जा रहा था। इसी दौरान उसने गांव के सोबरन, उसके पुत्र पवन और पत्नी गौरा को बाखर में रखे 50 पाइप, 10 बोरी गेहूं और इंजन की आठ बोल्ट (बौलें) ट्रैक्टर में लादते देखा। उनके साथ दो अन्य व्यक्ति भी मौजूद थे।
श्रीपत और उसके साथियों ने आरोपियों को ललकारा, लेकिन वे सामान लेकर फरार हो गए। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आरोपियों को ट्रैक्टर से सामान ले जाते देखा। विरोध करने पर आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी।
पीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की, लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं होने पर न्यायालय की शरण ली। अदालत के आदेश पर परिवाद दर्ज हुआ और मामले की सुनवाई शुरू हुई।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने सोबरन, पवन और गौरा को दोषी ठहराते हुए पांच-पांच वर्ष के कठोर कारावास तथा प्रत्येक पर 20-20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता कृष्ण बिहारी कुशवाहा ने बताया कि पुलिस में रिपोर्ट दर्ज न होने के कारण पीड़ित ने न्यायालय में परिवाद दायर किया था, जिसके आधार पर मामले की सुनवाई हुई और आरोपियों को दोषी ठहराया गया।