ललितपुर। जिला पंचायत अध्यक्ष और ब्लॉक प्रमुख चुनाव में सपा को मिली शिकस्त से पार्टी हाईकमान गंभीर है। उसने पार्टी के प्रमुख पदाधिकारियों से प्रत्याशी न लड़ा पाने को लेकर रिपोर्ट 12 जुलाई तक मांगी है। संभावना है कि जल्द ही पार्टी के पर्यवेक्षक यहां आकर पूरी मामले की समीक्षा करेंगे।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में सपा का अच्छा प्रदर्शन रहा है। इसके पीछे संगठन की मेहनत और कुशल चुनाव प्रबंधन को माना जा रहा है। यही वजह रही कि पार्टी के छह जिला पंचायत सदस्य चुनाव जीतकर आए लेकिन जिला पंचायत अध्यक्ष पद के नाम की घोषणा होने के बाद सदस्य एक जुट नहीं रह सके।
सूत्रों के मुताबिक पार्टी हाई कमान इस बात को मानने को तैयार नहीं है कि जिला पंचायत में प्रत्याशी का नामांकन न हो पाने के बाद ब्लॉक प्रमुख में पार्टी प्रत्याशियों का चयन तक नहीं किया गया, कहीं न कहीं यह गुटबंदी का नतीजा रहा है। हालांकि सपा के वरिष्ठ नेता इस मामले में अब कुछ भी कहने से कटरा रहे हैं। सपा नेता राजेश यादव ने बताया कि पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष ने इस संबंध में प्रमुख पदाधिकारियों से 12 जुलाई तक रिपोर्ट मांगी है। पार्टी सूत्रों के अनुसार इस मामले में पर्यवेक्षक को भी भेज कर पूरे मामले की जांच पड़ताल करवाई जा सकती है। पार्टी का मानना है विधान सभा चुनाव से पहले संगठन को दुरुस्त कर लिया जाए अन्यथा आगे भी इस तरह की समस्या खड़ी हो सकती है।
ब्लॉक मुख्यालयों पर सपा का धरना प्रदर्शन कल
ललितपुर। जिला पंचायत अध्यक्ष और क्षेत्र पंचायत प्रमुख के चुनावों में भाजपा सरकार पर धांधली से लोकतंत्र की हत्या का आरोप लगाते हुए सपा ब्लॉक मुख्यालयों पर 11 जुलाई को विरोध प्रदर्शन करेगी। इस संबंध में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने निर्देश के बाद पार्टी पदाधिकारी तैयारियों में जुट गए हैं। ब्यूरो