चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र छिपाने में हीलाहवाली
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जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के निर्देशों के बाद भी परिषदीय विद्यालयों के प्रधानाध्यापक चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र छिपाने में हीलाहवाली बरत रहे हैं। कई विद्यालयों में अभी भी विभिन्न चित्र नजर आ रहे हैं। इससे चुनाव प्रभावित होने से इंकार नहीं किया जा सकता है।
परिषदीय विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों को खेल-खेल में शिक्षा देने के उद्देश्य से दीवालों पर राष्ट्रीय चिह्न, महापुरुष और मीना की कहानियों के चित्र बनाए गए हैं। इसके अलावा शिक्षक-शिक्षिकाओं ने शिक्षण सामग्री बनाई गई हैं। इसमें प्रमुख राजनीतिक दलों के चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र भी शामिल हैं। बीते दिनों निर्वाचन आयोग ने चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र स्कूलों से मिटाने के निर्देश दिए थे। जिस पर बीएसए संतोष कुमार राय ने सभी खंड शिक्षा अधिकारी को स्कूलों में बने चित्रों को मिटवाने के लिए निर्देशित किया था। तमाम विद्यालयों में प्रधानाध्यापकों ने दीवालों पर चित्रों को कार्डशीट व अखबार से ढक दिया। लेकिन, यह कार्रवाई जिले के सभी विद्यालयों में नहीं हो सकी है। इसका खुलासा सोशल मीडिया से हुआ है। व्हाट्सऐप पर विकासखंड विरधा अंतर्गत कल्यानपुरा स्कूल के फोटो अपलोड किए गए थे, उसमें चुनाव चिन्ह से मिलते जुलते चित्र दिखाई दे रहे थे। जिले का यह अकेला विद्यालय नहीं है, इस तरह के चित्र विभिन्न स्कूलों में नजर आ रहे हैं। नगर क्षेत्र भी इससे अछूता नहीं है। जिस पर खंड शिक्षा अधिकारी चुप्पी साधे हैं।
बीआरसी पर नहीं अछूते
ब्लाक संसाधन केंद्रों पर भी मीना की कहानियों के चित्र व शिक्षण सामग्री के चित्रों में चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र दिख रहे हैं। ब्लॉक संसाधन केंद्रों पर शिक्षकों के साथ अभिभावक भी पहुंचते हैं। कोई विद्यालय की शिकायत लेकर तो किसी को बच्चों की आयु, नाम में संशोधन व विद्या ज्ञान के आवेदन, प्रवेश आदि के लिए काम पड़ता है।
चुनाव चिह्न से मिलते-जुलते चित्र विद्यालयों में छिपा दिए गए हैं। एकाध विद्यालय ही कोई रह गया होगा, ऐसे विद्यालयों में भी चित्रों को छिपाने के लिए निर्देशित किया जाएगा।
- संतोष कुमार राय, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ललितपुर।