विकासखंड मड़ावरा के रजौला गांव में राशन की दुकान आवंटित करने को लेकर हो रही बैठक में उस समय हंगामा हो गया, जब प्रधान की अनुपस्थिति में उसके भाई ने फर्जी हस्ताक्षर दिए। अधिकारियों को जब इसकी जानकारी लगी तो उसे फटकार लगाते हुए बैठक निरस्त करने की घोषणा की। शनिवार को ग्राम पंचायत गोराकलां के रजौला गांव में राशन की दुकान आवंटित होनी थी। इसके चलते ग्राम विकास अधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, एवं अन्य अधिकारियों ने अपनी उपस्थिति बैठक में कराई गई। बैठक की शुरूआत में जरूरी कागजातों पर प्रधान के दस्तखत होने थे।
ग्राम प्रधान की अनुपस्थिति के चलते उसके भाई ने ही प्रधान के हस्ताक्षर कर दिए। इसके चलते मौजूद लोगों द्वारा बैठक भंग करने की मांग को लेकर जमकर हंगामा काटना शुरू कर दिया और बैठक भंग करने की मांग करने लगे। जिसपर तत्काल नजदीकी थाने मड़ावरा सूचना दी गई। पुलिस द्वारा भड़की हुई जनता को जैसे-तैसे काबू में किया गया और अंतत: मौजूद अधिकारियों को हंगामा होने के चलते बैठक को स्थगित कर दिया गया।
इस दौरान उपस्थित लोगों का आरोप था कि गांव में बैठक को लेकर किसी ग्रामीण को कोई सूचना नही दी गई थी। ग्रामीणों ने गुमराह करने वाले पर कार्रवाई करने और राशन के लिए निष्पक्षता के साथ खुली बैठक कर दुकान आवंटित करने की मांग की है। इस मौके पर एडीओ लक्ष्मण सिंह तोमर, भूमि संरक्षण अधिकारी डॉ. रामअवतार, ग्रामपंचायत अधिकारी गुलजारी लाल, ज्योति शर्मा समेत पुलिस स्टाफ व अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।