ललितपुर। स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं। हालात यह है कि 203 में 148 स्वास्थ्य उपकेंद्रों पर प्रसव की सुविधा नहीं है। 32 उपकेंद्रों पर कर्मचारी तक तैनात नहीं हैं। निकटवर्ती उपकेंद्रों के कर्मियों को संबद्ध कर किसी तरह काम चलाया जा रहा है। गर्भवतियों को प्रसव के लिए ब्लॉक अथवा जिला मुख्यालय पर आना पड़ रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने के लिए स्वास्थ्य उपकेंद्र खोले गए हैं। प्राथमिक जांच व उपचार के साथ यहां परामर्श की सुविधा की गई थी। लेकिन, लंबे अरसे बाद भी उपकेंद्रों की सुविधाएं धरातल पर नहीं उतर सकी हैं। आंकड़ों के अनुसार 203 उपकेंद्रों पर एएनएम का एक-एक पद स्वीकृत है, लेकिन 32 केंद्रों पर एएनएम की तैनाती नहीं है।
148 उपकेंद्रों पर प्रसव की सुविधा नहीं है। महज 55 पर ही सामान्य प्रसव की सुविधा है। कुछ पर सुविधाएं न होने से एएनएम, आंगनबाड़ी केंद्र व गांव के अन्य स्थानों पर कार्य कर रही हैं। ऐसे में गांव में टीकाकरण तक ही सुविधाएं सीमित रह गई हैं।