ललितपुर। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ बागियों को पंचायत चुनाव के मैदान में उतरना महंगा पड़ गया है। जिलाध्यक्ष ने पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त नौ कार्यकर्ताओं के खिलाफ अनुशासनात्मक
कार्रवाई करते हुए उन्हें छह वर्ष के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया है।
पार्टी ने पंचायत चुनाव में अधिकृत प्रत्याशी के विरोध में उतरे पार्टी कार्यकर्ताओं के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। जिन कार्यकर्ताओं को छह साल के लिए निष्कासित किया है, उन्हें पूर्व में भी चेतावनी जारी की गई थी कि वह निर्धारित समयावधि में अपना नामांकन पत्र वापस ले लें लेकिन नौ कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष की चेतावनी को हवा में उड़ा दिया। इस पर जिलाध्यक्ष राजकुमार जैन ने बागियों को चिह्नित करते हुए उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। इनमें वार्ड 12 नाराहट से पार्टी के अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव लड़ रहे सक्रिय सदस्य एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष प्रमोद कुमार पुत्र रविंद्रानंद, वार्ड 12 नाराहट से अल्पसंख्यक मोर्चा के मंडल अध्यक्ष हारून खां पुत्र हाजी नवीदाद, वार्ड 13 सौरई से किसान मोर्चा के मंडल अध्यक्ष मुकेश पाल तनय रत्तूपाल, वार्ड 16 गुढ़ा से अनुसूचित जाति मोर्चा की मंडल मंत्री राजकुमारी अहिरवार पत्नी हरीराम अहिरवार, वार्ड 17 सिलावन से पार्टी के सक्रिय सदस्य राजकुमार खटीक पुत्र रमेश खटीक, वार्ड 17 सिलावन से पार्टी के सक्रिय सदस्य देवेंद्र सिंह नलवंशी पुत्र डॉ. महेंद्र सिंह नलवंशी, वार्ड 17 सिलावन वार्ड से ही पार्टी के सक्रिय सदस्य महेंद्र खटीक पुत्र हरीशंकर खटीक, वार्ड 19 कैलगुवां से बानपुर मंडल के प्रतिनिधि एवं पार्टी के सक्रिय सदस्य अनुराग गोस्वामी पुत्र राजाराम गोस्वामी, वार्ड 21 पारौन से पार्टी की साधारण सदस्य सावित्री कुशवाहा पत्नी हरगोविंद कुशवाहा उर्फ कल्लन कुशवाहा शामिल हैं। जिलाध्यक्ष का कहना है कि पार्टी के पदाधिकारी, सक्रिय सदस्य, साधारण सदस्य पार्टी के घोषित अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं और प्रचार भी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसलिए पार्टी के उच्च नेतृत्व के निर्देशानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई करते इन लोगों को पार्टी से छह वर्षों के लिए निष्कासित करने की संस्तुति की है।