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लखनऊ तक पहुंच रखने वालों की टिकट होगी फाइनल

Mon, 23 Oct 2017 12:08 AM IST
lalitpur
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election news lalitpur - फोटो : demo pic
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यदि किसी राजनीतिक दल से निकाय चुनाव लड़ने का मन बना रहे हो तो केवल स्थानीय स्तर पर नेताओं की मक्खनबाजी से काम नहीं चलेगा। दावेदारों को लखनऊ में बैठे नेताओं से संपर्क साधने होंगे। अन्यथा की स्थिति में टिकट आपके हाथ से छिटक सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि उम्मीदवार के चयन पर अंतिम मुहर लखनऊ में ही लगना है।
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सिंचाई विभाग के विश्राम गृह में समाजवादी पार्टी की बैठक के दौरान कानपुर देहात के पूर्व जिलाध्यक्ष वीरसेन सिंह व राज्यसभा सांसद डा. चंद्रपाल सिंह यादव की मौजूदगी में अध्यक्ष पद के लिए आवेदन लिए गए। इस दौरान पूर्व नपाध्यक्ष डॉ. सतीश सुड़ेले की पत्नी संध्या सुड़ेले, निवर्तमान नपाध्यक्ष सुभाष जायसवाल की पत्नी ऊषा जायसवाल, पूर्व नपाध्यक्ष रमेश खटीक की पत्नी किरनदेवी खटीक, वरिष्ठ सपा नेत्री गीता मिश्रा पत्नी शिव प्रकाश मिश्रा, सपा नगराध्यक्ष अजीज कुरैशी की धर्मपत्नी नंदा बुखारिया जैन, पसमांदा मुस्लिम समाज जिलाध्यक्ष मो. करीम पप्पू राईन की पत्नी कुरैशा बेगम के आवेदन नपा अध्यक्ष पद के लिए सामने आए हैं तो वहीं महरौनी नगर पंचायत अध्यक्ष पद के लिए नितिन जैन व पवन कुमार मोदी ने आवेदन किया है, जिसमें से नितिन जैन ने पवन कुमार मोदी को अपना समर्थन दे दिया है। इस तरह पवन कुमार मोदी के पर सर्वसम्मति बन गई। इस आधार पर महरौनी नगर पंचायत अध्यक्ष पद के लिए प्रत्याशी घोषित कर दिया गया। वहीं, नगर पंचायत पाली से राम चौरसिया और तालबेहट नगर पंचायत के लिए नामों पर चर्चा पूरी नहीं हो सकी है। बैठक में जिला संगठन प्रभारी ज्योति सिंह लोधी, एमएलसी रमा निरंजन, पूर्व जिलाध्यक्ष तिलक यादव, आल्हा प्रसाद निरंजन, ब्लाक प्रमुख कैलाश यादव, सहकारी बैंक अध्यक्ष फूलसिंह यादव नन्ना, खिलान सिंह यादव, गिरधारी यादव, उपाध्यक्ष राजेश यादव, मीडिया प्रभारी कुंदन पाल मौजूद रहे। इस दौरान राज्यसभा सांसद डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव ने पत्रकारवार्ता भी की। उन्होंने बताया कि जिले पर तीन तय कर दिए गए हैं, जिसमें से टिकट का फैसला अब राष्ट्रीय नेतृत्व करेगा। उधर, नगर पालिका परिषद अध्यक्ष के लिए नित नये दावेदार सामने आ रहे हैं। अब विश्व हिंदू परिषद के पूर्व जिलाध्यक्ष अनंतराम तिवारी की पत्नी कस्तूरी देवी ने भाजपा से टिकट के लिए आवेदन किया है। अनंतराम तिवारी वर्ष 2009 से फरवरी 2017 तक विहिप के जिलाध्यक्ष रहे हैं। वहीं, कस्तूरी देवी मातृशक्ति दुर्गावाहिनी की जिला संयोजिका का पद संभाल रही हैं। उनकी दावेदारी से अन्य दावेदारों में बेचैनी देखी जा रही है। इसके अलावा जमीनी कार्यकर्ता सुधा कंचन ने भी अपना दावा ठोक दिया है। पूर्व विधायक रमेश कुशवाहा की पत्नी भी टिकट की लाइन में पहले से हैं। शहर में पिछड़ा वर्ग का खासा वोट है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। भाजपा जिलाध्यक्ष रमेश कुमार सिंह का कहना है कि नामित समन्वयक दावेदारों से आवेदन ले रहे हैं। इसके उपरांत उम्मीदवार का चयन कानपुर एवं लखनऊ कार्यालय से प्राप्त निर्देशों के आधार पर होगा। इधर, बसपा की बैठक में अध्यक्ष और पार्षद पद के लिए आए आवेदनों पर विचार किया गया है। अध्यक्ष के लिए सात आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिलाध्यक्ष कैलाश कुशवाहा कहना है कि 30 लोगों की वर्किंग कमेटी गठित है जो तीन नाम फाइनल करेगी। जिला और नगर कमेटी की संस्तुति के बाद उन्हें लखनऊ भेजा जाएगा। वर्तमान में आवेदन जमा करने की तिथि 25 अक्तूबर कर दी गई है। कांग्रेस की बैठक में महिला कांग्रेस अध्यक्ष आरती राय ने अपनी दावेदारी ठोक दी। इसके अलावा सरिता, अरुण शर्मा, रेखा पटैरिया, रुकमणी के आवेदन पहले ही जमा हो चुके हैं। महरौनी में नगर पंचायत अध्यक्ष पद के लिए मनोज पवैया, रहीश खान ने आवेदन किया है तो पाली में संजीव चौरसिया व दीपक जैन का आवेदन प्राप्त हुआ है। नगराध्यक्ष हरीबाबू शर्मा ने बताया कि 24 अक्तूबर तक आवेदन प्राप्त किए जाएंगे। बैठक में रामनरेश दुबे, जसपाल बंटी, रामस्वरूप देवलिया, अजय तोमर, बलवंत राजपूत, मु. आसिफ, बिट्टू राजा, वीरेंद्र सिंह, समद खान उपस्थित रहे।        

तीन नामों में स्थान नहीं बना सकी गीता      
समाजवादी पार्टी महिला मोर्चा की कई बार अध्यक्ष रह चुकी गीता मिश्रा उन तीन नामों में शामिल नहीं हो सकी, जिस पर राष्ट्रीय नेतृत्व को विचार करना है। इस बात को लेकर गीता मिश्रा ने अपनी आपत्ति दर्ज कराई। पार्टी के कई नेता भी उनके नाम पर सहमत थे, लेकिन इसके बाद भी नाम शामिल नहीं करा सकी। सूत्रों के मुताबिक जो तीन नाम चयनित हुए हैं, उनमें अजीज कुरैशी, सतीश सुड़ेले व रमेश खटीक की पत्नी रही है। दिलचस्प बात यह रही कि उम्मीदवारों को बारी-बारी से बुलाया जा रहा था, इस दौरान कइयों की पत्नी शामिल नहीं हुई, जो चर्चा का विषय रहा।
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