सड़क किनारे पड़ा कबाड़ का सामान
- फोटो : LALITPUR
ललितपुर। शहर में गली मोहल्ला ही नहीं मुख्य सड़क किनारे अतिक्रमण पर लगाम नहीं लग पा रही है। ऐसे में कई प्रमुख मार्ग के रास्ते व सड़कें भी संकरी होती जा रही है। ऐसी ही स्थिति जिला मुख्यालय पर अभिलाषा पेट्रोल पंप से जिला अस्पताल के समाने की बनी हुई है। यहां पर सड़क किनारे ही वाहनों से लोडिंग-अनलोडिंग होने से वाहनों को ओवरटेक करना मुश्किल हो जाता है। कई बार एंबुलेंस तक जाम में फंस जाती हैं।
जिला मुख्यालय पर अभिलाषा पेट्रोल पंप से जिला अस्पताल होकर कलक्ट्रेट जाने वाला मार्ग प्रमुख है। इस मार्ग में जिला अस्पताल और जिला महिला अस्पताल होने से अधिकांश वाहनों की आवाजाही होती है। यहां जिले के समूचे क्षेत्रों के बीमार व दुर्घटना से ग्रसित मरीजों को एंबुलेंस के सहारे इसी मार्ग से लाया जाता है। अधिकांश वाहन इमरजेंसी वाले होते हैं, इन्हें समय पर अस्पताल पहुंचना होता है। साथ ही वीआईपी सड़क भी मानी जाती है, लेकिन पेट्रोल पंप से लेकर सदनशाह चौराहे तक दुकानों के बाहर रखे सामान व वाहनों के कारण जाम लग जाता है। गाड़ियों को काफी देर तक खड़ा रहना पड़ता है। सड़क पर ही लोडिंग-अनलोडिंग होने से वाहनों की निकासी तक मुश्किल हो जाती है।
स्थिति यह है कि अधिकतर दुकानदार सड़क किनारे ही दुकानों को फैलाए हुए हैं। दुकान पर सामान लेने के लिए आने वाले ग्राहकों को वाहन खड़े करने के लिए स्थान नहीं बचता है। ऐसे में ग्राहक अपने वाहनों को इधर-उधर खड़ा करने के लिए जगह देखते हैं लेकिन, जब जगह नहीं मिलती है तो सड़क के किनारे खड़ा कर चले जाते हैं। इनमें कुछ तो ऐसे हैं, जो सड़क पर ही वाहनों को खड़ा कर देते हैं। दुकानदार भी अपने समान को वाहनों में लोडिंग व अनलोडिंग के लिए दिन का समय चुन रहे हैं। ऐसे में इनके माल की लोडिंग व अनलोडिंग सड़क पर खड़े वाहनों से होती है। कई बार तो आधी सड़क पर भी लोडिंग- अनलोडिंग का कार्य किया जाता है। मरीज व तीमारदार भी अपने वाहनों को सड़क किनारे खड़ा कर निकल जाते हैं। इससे एंबुलेंस से अस्पताल में जा रहे अन्य मरीजों को काफी देर तक खड़ा रहना पड़ रहा है। इसके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।