गांव में बढ़ती नशाखोरी और समाज पर पड़ रहे बुरे प्रभाव को देखते हुए निर्णय लिया गया है। पंचायत ने यह भी साफ किया कि इस अभियान में किसी भी जातिवाद या पक्षपात को जगह नहीं दी जाएगी।
बढ़ती नशाखोरी और उससे समाज पर पड़ रहे बुरे प्रभाव को देखते हुए तहसील मड़ावरा के ग्राम पंचायत सीरोन में रविवार को गांव वालों ने एक बैठक की। जिसमे गांव के हर वर्ग, हर समाज के लोग शामिल हुए। ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से गांव में शराब पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया। शराब पीने तथा बेचने वालों पर कठोर दंड का प्रावधान किया गया।
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बैठक में एक ग्राम समिति बनाई। इसमें निर्णय लिया कि जो व्यक्ति गांव में शराब बेचेगा उस पर 51000 का जुर्माना लगाया जाएगा और समाज से बहिष्कृत भी किया जाएगा। साथ में जो व्यक्ति शराब पीकर समाज में अभद्रता, गाली-गलौज करेगा उस पर 5100 का जुर्माना लगाया जाएगा। पंचायत ने यह भी साफ किया कि इस अभियान में किसी भी जातिवाद या पक्षपात को जगह नहीं दी जाएगी। सभी पर समान नियम लागू होंगे और नशामुक्त गांव बनाने की दिशा में पंचायत का फैसला लागू किए जाएंगे।
मालूम हो कि जिले में शराब बंदी को लेकर इससे पूर्व ग्राम साडूमल गांव में भी शराब बंदी का सामूहिक फैसला हुआ था। इस बैठक में ग्राम प्रधान हरपाल सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।