फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lalitpur: रेलवे ट्रैक पर मिले प्रेमी-प्रेमिका के शव, शादी न हो पाने पर की आत्महत्या, दोनों थे रिश्तेदार

Sat, 30 Aug 2025 10:22 AM IST
दीपक महाजन संवाद न्यूज एजेंसी, ललितपुर

सार

शुक्रवार तड़के 3 बजे कोतवाली सदर पुलिस को सूचना मिली कि झांसी-ललितपुर रेलवे लाइन पर स्थित सिलगन रेलवे क्रॉसिंग के पास एक लड़का और एक लड़की के शव पड़े हैं।
विज्ञापन
आकाश व शिवानी - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कोतवाली सदर के तहत चौकी गल्ला मंडी इलाके में शुक्रवार तड़के झांसी-ललितपुर रेलवे ट्रैक पर युवक-किशोरी के शव पड़े मिले। दोनों के सिरों में गंभीर चोटें थीं। युवक छतरपुर के गांव बकौरा और लड़की बांदा के गांव गुमाई की रहने वाली थी। दोनों आपस में रिश्तेदार थे। परिजनों ने दोनों के बीच प्रेम संबंध होने और शादी नहीं हो पाने के कारण आत्महत्या करने की बात पुलिस को बताई। पुलिस जांच कर रही है।

विज्ञापन


शुक्रवार तड़के 3 बजे कोतवाली सदर पुलिस को सूचना मिली कि झांसी-ललितपुर रेलवे लाइन पर स्थित सिलगन रेलवे क्रॉसिंग के पास एक लड़का और एक लड़की के शव पड़े हैं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उनके बैग की तलाशी ली तो आईडी कार्ड, आधार कार्ड सहित अन्य कागजात मिले। इसके आधार पर 17 साल की किशोरी की पहचान बांदा, थाना अतर्रा निवासी गांव गुमाई की शिवानी रैकवार के रूप में की गई, जबकि युवक आकाश रैकवार (18) पुत्र संतोष रैकवार निवासी बकौरा, थाना चंदाला, छतरपुर (मध्य प्रदेश) का रहने वाला था।

सूचना पर दोनों मृतकों के घरवाले पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर शिनाख्त की। मृतका के पिता ने बताया कि उनकी बेटी शिवानी कक्षा 11वीं की छात्रा थी। बृहस्पतिवार की सुबह अतर्रा के हिंदू इंटर कॉलेज जाने के लिए सुबह 8 बजे निकली थी। इसके बाद घर नहीं लौटी तो शक के आधार पर आकाश के विरुद्ध केस दर्ज कराया था। शिवानी तीन बहन व दो भाइयों में तीसरे नंबर की थी।
विज्ञापन


आकाश रैकवार के चाचा कृष्ण बिहारी ने बताया कि उनका भतीजा आकाश अहमदाबाद में रहकर किसी कंपनी में नौकरी कर रहा था, जबकि उसकी मां दिल्ली में मजदूरी करती है। शुक्रवार सुबह सूचना पर ललितपुर आए थे। आकाश और शिवानी रिश्ते में एक दूसरे भाई-बहन लगते थे। चाचा ने बताया कि कुछ माह पहले दोनों के बीच प्रेम प्रसंग होने की जानकारी मिली थी। इस पर आकाश को समझाया था और लड़की के परिजनों से बातचीत का आश्वासन दिया था। आकाश अहमदाबाद से कब यहां आया, इसको लेकर कोई जानकारी नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें