ललितपुर। महिलाओं ने परंपरागत तरीके से करवाचौथ पर्व पर व्रत रखा। उन्होंने चांद को अर्घ्य देकर पूजा अर्चना की और पति की लंबी उम्र की कामना की। देर शाम मंदिरों में महिलाओं ने एकत्रित होकर एक साथ पूजा-अर्चना की।
शुक्रवार को पति की दीर्घायु के लिए महिलाओं ने करवाचौथ का निर्जल व्रत रखा और चांद को अर्घ्य देकर पूजा-अर्चना कर पूर्ण किया।
महिलाओं ने करवाचौथ के व्रत की तैयारियां कई दिनों पूर्व से शुरू कर दी थीं। करवाचौथ के दो दिन पूर्व से बाजारों में व्रत का सामान खरीदने को महिलाओं की अच्छी-खासी भीड़ लग रही थी। घंटाघर पर करवा बेचने वाले दुकानदारों ने दो दिन अच्छी खासी ब्रिकी की। वहीं, बाजारों में जनरल स्टोर की दुकानों पर भी सौंदर्य प्रसाधन के सामानों की भी खूब बिक्री हुई। दिन भर निर्जल रहने के बाद महिलाओं ने शाम को सज- संवरकर पूजा की तैयारी की।
नदीपुरा स्थित साहू समाज के श्री रामराजा मंदिर में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी महिलाओं ने शृंगारकर एकत्रित होकर करवा की पूजा की। यहां महिलाओं द्वारा एक साथ पूजा करने का रिवाज है। महिलाओं ने यहां पर पूर्ण विधिविधान के साथ मंदिर प्रांगण में पूजा करने के बाद छलनी में चांद के दर्शन किए और आरती उतारी।
वहीं, घरों में महिलाओं ने देर शाम चांद की लुका छुपी के बाद छलनी में दर्शन करते हुए पूजा की और पति के हाथों जलग्रहण कर व्रत पूूूर्ण किया। सुहागिनों ने भगवान से पति की लंबी आयु की कामना की। बहुत से पुरुषों ने भी अपनी पत्नियों के साथ व्रत रखा।