गर्मी से परेशान होकर यदि आप अपने गले को ठंडक देने के लिए जहां-तहां दुकान से जूस, शिकंजी आदि खरीदकर पी लेते हैं, तो सावधान हो जाएं। दरअसल, कुछ कारोबारी इन पेय पदार्थों को बनाने में हानिकारक केमिकल व अन्य वस्तुओं का इस्तेमाल कर रहे हैं। इससे इनका स्वाद और रंग भी अच्छा दिखने लगता है। मानकों की भी अनदेखी की जा रही है। इनके सेवन से आपका स्वास्थ्य बिगड़ सकता है।
गर्मी का प्रकोप दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। ऐसे में शीतल पेय पदार्थ और शरीर को ठंडा रखने वाले खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ती जा रही है। शहर में करीब पांच सौ दुकानों पर आम, बेल, मुस्सम्मी का जूस और गन्ने का रस, सोडा, शिकंजी, पना, पानी की बोतलें स्वास्थ्य मानकों के विपरीत बेची जा रही हैं। घंटाघर, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन समेत तमाम भीड़भाड़ वाले स्थानों पर इन शीतल पेय पदार्थों को खूब बेचा जा रहा है। आम, बेल, मुसम्मी और गन्ने का रस बनाने में दुकानदार कई तरह की वस्तुएं मिलाते हैं, जिनमें केमिकल्स का भरपूर इस्तेमाल होता है। मैंगो शेक में सिंथेटिक दूध का इस्तेमाल किया जाता है, जो स्वास्थ्य के लिए खतरनाक है। वहीं, फलों को पकाने में भी पोटास, अमोनिया जैसे हानिकारक केमिकल्स को खूब लगाया जाता है।
इससे शीतल पेय का स्वाद और रंग अच्छा हो जाता है। खास बात तो यह है कि कई दुकानदारों को इसकी जानकारी तक नहीं होती है। साफ-सफाई तो न के बराबर होती है। कई बार दुकानदार सड़े-गले फलों तक का जूस निकालकर बेच देते हैं। बस स्टैंड पर शीतल पेय पदार्थ की दुकान लगाने वाले प्रियांशु बताते हैं कि डिस्ट्रीब्यूटर पानी की ऐसी बोतल सप्लाई करने आते हैं, जिनका पहले नाम तक नहीं सुना होता है। इन्हें बेचने पर मुनाफा अधिक मिलता है। ग्राहक भी बिना आपत्ति के आसानी से इसे ले जाते हैं। इस तरह के हानिकारक पेय पदार्थों के इस्तेमाल से आप गंभीर रूप से बीमार पड़ सकते हैं।
यह रखें ध्यान
- दुकानों में रखा हुआ जूस न पिएं
- अपने सामने बनवाएं जूस
- मटके का पानी पिएं और बेनामी कंपनी की बोतलों का पानी न पिएं
- पानी की बोतल लेने से पहले उसकी पूरी पड़ताल कर लें
- खुले में रखे खाद्य पदार्थ का इस्तेमाल न करें।
अभियान चलाकर पकड़ेंगे
बाजार में मानक के विपरीत खाद्य पदार्थ बनाकर बेचने वालों पर शिकंजा कसने के लिए अभियान चलाया जाएगा। मानक के विपरीत बेची जा रहीं पानी की बोतलों को जब्त किया जाएगा। दुकानदारों पर कार्रवाई की जाएगी। किसी भी कीमत पर लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा।
- केएन त्रिपाठी, मुख्य खाद्य अधिकारी