फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हर घर जल योजना : ललितपुर के 5 गांवों में पानी पीने योग्य नहीं, झांसी के 23 गांवों में भी पेयजल की स्थिति बदतर

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन




अमर उजाला ब्यूरो



झांसी। झांसी के 23 और ललितपुर के पांच गांवों में पीने योग्य पानी नहीं मिला। यह खुलासा जल शक्ति मंत्रालय की रिपोर्ट में हुआ है। मंत्रालय सचिव ने प्रदेश के मुख्य सचिव को गलत रिपोर्ट देने वाले अफसरों के खिलाफ प्रशासनिक कार्यवाही के आदेश दिए हैं। इससे जल निगम के अधिकारियों में हड़कंप मचा है।

केंद्र सरकार की हर घर जल योजना के तहत झांसी और ललितपुर में 1600 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं। विगत दिनों झांसी और ललितपुर के कई गांवों में शुद्ध पेयजल आपूर्ति का दावा करते हुए जल निगम की ओर से रिपोर्ट भेज दी गई। इसकी धरातल पर हकीकत पता करने के लिए जल शक्ति मंत्रालय की गोपनीय टीम गांवों में सर्वे के लिए आई। टीम ने झांसी के 16 और ललितपुर के पांच गांवों के पानी की जांच की तो टीडीएस (टोटल डिजोल्व सॉलिड) अधिकतम 150 की जगह 300 से 500 तक मिला। पानी के अंदर हार्डनेस भी मानक से कई गुना निकला। वहीं, झांसी के अन्य सात गांवों के पानी की बैक्टीरियो लॉजिकल जांच हुई, जिसमें भी सैंपल फेल हुए। बैक्टीरियल संक्रमण की वजह से पानी पीने योग्य नहीं मिला।
विज्ञापन




जांच टीम ने अपनी रिपोर्ट मंत्रालय को सौंपी तो हकीकत देख अफसरों के तेवर सख्त हो गए हैं। मंत्रालय के सचिव अशोक केके मीना ने प्रदेश के मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह को सख्त आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि इन गांवों में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति की रिपोर्ट देने वाले अधिकारियों को चिह्नित करके सख्त कार्रवाई की जाए। समस्या का निदान करके शुद्ध पेयजल आपूर्ति की जाए। वहीं, राज्य पेयजल एवं स्वच्छता मिशन के अधिशासी निर्देशक बृजराज सिंह यादव ने अधिशासी अभियंता जल निगम (ग्रामीण) को गांवों का पुनर्मूल्यांकन करने और गलत रिपोर्ट के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ प्रशासनिक कार्यवाही के आदेश दिए हैं।

0- इन गांवों का पानी जांच में हुआ फेल

झांसी के गांव इमिलिया स्टेट, सरई, गढ़वाई, बघेरा, रजवारा, संतपुरा, सीकरधवा, बूंदा, कोटरा, चकारा, कनंजा, बुखारा, मुरारी, सरवर, रुंद्र बलौरा, बबीना (ग्रामीण) और ललितपुर के बरी कलां, जहारपुरा, बम्होरी पटार, मिडवारा, बरेजा
विज्ञापन




0- इन गांवों का पानी बैक्टीरियल जांच में फेल

झांसी के गांव कोटरा, दिगरा के घर व हेल्थ सेंटर, बुखारा के दो घर, स्कूल व हेल्थ सेंटर, पुनावली खुर्द, सेवकरा धावा, टकटौली के घर व स्कूल, कंजा।








हर घर जल योजना के तहत झांसी और ललितपुर में 800-800 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। पेयजल आपूर्ति शुरू करने से पहले एनएबीएल लैब से जांच कराई गई थी। रिपोर्ट में जिन गांवों के नामों का उल्लेख किया गया है, वहां के फिर से सैंपल लिए गए हैं। - राकेश कुमार, मुख्य अभियंता जल निगम (ग्रामीण)
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें