ललितपुर। ब्लॉक बिरधा अंतर्गत ग्राम पंचायत भारौन के मजरा भड़यावारा निवासी बालिका की उल्टी-दस्त से मौत हो गई। डायरिया से मौत की आशंका को लेकर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में डेरा डाल दिया। हालांकि, गांव में डायरिया से ग्रसित मरीज नहीं मिले। अन्य मरीजों को दवाइयां दी गईं।
ग्राम पंचायत भारौंन के मजरा भड़यावारा निवासी प्रियंका (12) को 14 अगस्त की रात करीब 12 बजे उल्टियां होने लगी। इसके बाद दस्त शुरू हो गए। परिजनों के अनुसार सुबह होने पर एंबुलेंस को सूचना दी। एंबुलेंस आने के बाद घर से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिरधा जा रहे थे कि रास्ते में अमऊखेड़ा के पास रेलवे क्रॉसिंग के दोनों ओर नाला उफान पर था। इससे अधिक देर तक इंतजार किया।
अधिक देर होने पर धौर्रा स्थित नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। उल्टी-दस्त की जानकारी पर डायरिया की आशंका को लेकर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में डेरा डाला। घर-घर जाकर लोगों से स्वास्थ्य की जानकारी ली। इसमें कोई भी अन्य व्यक्ति उल्टी-दस्त से पीड़ित नहीं मिला। सामान्य मरीजों को दवाएं वितरित की गईं। शुक्रवार को दूसरे दिन टीम ने लोगों की जांच की। इसमें कोई डायरिया रोगी नहीं मिला।
चार की जा चुकी जान, अब तक 61 मरीज मिले
जनपद में बीते माह ब्लॉक तालबेहट के ग्राम वर्मा विहार में डायरिया फैल गया था। इसमें मां और एक मासूम की मौत हो गई थी। साथ ही 22 लोग इसकी चपेट में आ गए थे। वहीं, ब्लॉक मड़ावरा के ग्राम दौलतपुर में एक मासूम की मौत हो गई थी। साथ ही एक ही परिवार के 19 लोग डायरिया की चपेट में आ गए थे। वहीं, ग्राम जलंधर में भी ग्राम प्रधान की मौत हो गई थी। साथ ही 11 डायरिया से ग्रसित पाए गए थे। इन सभी को मड़ावरा सीएचसी में भर्ती किया गया था। इसके बाद महरौनी के ग्राम सिंदवाहा में नौ लोग डायरिया से ग्रसित हो गए थे।
ग्राम पंचायत भारौन के मजरा भड़यावारा में डायरिया से मौत होने की आशंका पर टीम को मौके पर भेजा था। अन्य कोई व्यक्ति डायरिया से ग्रसित नहीं मिला है। विभाग द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। - डॉ. इम्तियाज अहमद, सीएमओ।