मृतक के गांव में घर पर बिलखते परिजन
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ललितपुर। थाना कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत शहर के मोहल्ला आजादपुरा में गल्ला व्यापारी ने शीशम के पेड़ पर फांसी लगाकर जान दे दी। अब तक खुदकुशी का कारण ज्ञात नहीं हो सका है।
थाना नाराहट क्षेत्र के ग्राम अर्जुनखिरिया हाल आजादपुरा डैम रोड निवासी देशराज पटेल (57) पुत्र हरदास दाऊ गल्ला मंडी में आड़तिया थे। बुधवार की रात करीब दस बजे रोज की तरह वह गल्ला मंडी से लौटे और खाना खाने के बाद सोने के लिए चले गए। सुबह करीब पांच बजे उनका भतीजा विश्वनाथ जागा तो चाचा देशराज के कमरे का दरवाजा खुला हुआ था। उसने वहां देखा तो चाचा कमरे में दिखाई नहीं दिए। इसके बाद उसने मुख्य गेट पर जाकर देखा तो वहां ताला लगा था।
घर के ही पीछे बने गार्डन में जाकर देखा तो वहां देशराज का शव तौलिया से शीशम के पेड़ पर लटक रहा था। उसके चीखने चिल्लाने पर सभी परिजन व मोहल्लेवासी वहां पहुंच गए। परिजनों ने घटना की जानकारी नईबस्ती पुलिस चौकी को दी, पुलिस कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर , शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव परिजनों को सौंप दिया गया, परिजनों ने पैतृक निवास ग्राम अर्जुन खिरिया में अंतिम संस्कार कर दिया। भतीजे विश्वनाथ के अनुसार उनका किसी से कोई विवाद नहीं था। फांसी किन परिस्थितियों में लगाई, पुलिस कारणों को जानने में जुटी हुई है। देशराज पटेल दो भाई थे। बड़े भाई मास्टर प्रताप सिंह पटेल की मृत्यु छह माह पूर्व रेलवे स्टेशन तिराहा के पास एक कार की टक्कर से हो गई थी। मृतक के दो पुत्र व तीन पुत्रियां हैं।
थम नहीं रहा खुदकुशी का सिलसिला
ललितपुर जनपद में फांसी लगाकर जान देने का सिलसिला थम नहीं रहा था। बीते 80 दिनों में 48 लोगों ने अपनी जान गंवा दी है। इसमें अकेले फांसी लगाकर आत्महत्या के मामले लगभग 39 हैं, जबकि इनमें बीते पंद्रह दिनों में सात ने ट्रेन से कटकर जान दी है और एक ने कीटनाशक खाकर आत्महत्या की है। एक ने आग लगाकर खुदकुशी की है।