मड़ावरा। मड़ावरा में विभागीय लापरवाही एवं मिलीभगत के चलते कटियाबाजी बिजली चोरों द्वारा बिजली विभाग को जमकर चूना लगाया जा रहा है। कस्बे के बेरियर चौराहे पर नव-निर्मित जिला पंचायत मार्केट की कई दुकानों में खुलेआम कटिया डालकर बिजली चोरी की जा रही है। जहां आम उपभोक्ता अघोषित कटौती और ओवरलोड के चलते मिलने वाले लो-वोल्टेज समस्या के बावजूद अपने बिजली का बिल भर रहे हैं। वहीं स्थानीय लोगों का आरोप है कि कस्बे समेत मड़ावरा क्षेत्र में विभागीय मिलीभगत से जमकर बिजली चोरी की जा रही है।
कस्बे में घरेलू कनेक्शन के नाम पर भी उसका उपयोग कॉमर्शियल दुकानों में किया जा रहा है साथ ही पुराने बाजार, दुकानवाला मोहल्ला आदि में 1 किलोवाट के कनेक्शन पर घरेलू आटा चक्की, ट्यूबवेल अधिक भार बाले बिजली संयंत्र चलाए जा रहे हैं। कई घरों में 1-1 किलोवाट के 3 कनेक्शन लेकर पावर कनेक्शन की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। कस्बे के अलावा ग्रामीण क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर बिजली चोरी की जा रही है। ग्राम पिपरट, रखवारा आदि गांव में कृषि नलकूप के एक कनेक्शन पर आसपास के चार से पांच नलकूप चलाए जा रहे हैं। सिंचाई के लिए बगैर कनेक्शन नलकूप चलने के लिए बिजली मुहैया कराने का बाकायदा पैकेज विभागीय कर्मचारियों द्वारा कटियाबाजों को मुहैया कराया जाता है।
जिसके एवज में हजारों रुपये की सुविधा शुल्क भी बाकायदा नीचे से ऊपर तक पूरी ईमानदारी से बांटी जाती है। विभाग की कटियाबाजों से मिलीभगत से चोरी होने वाली अधिकतर बिजली का भुगतान आम उपभोक्ताओं के बगैर रीडिंग लिए मनमाने तरीके से बनाये बिल में जोड़कर वसूला जा रहा है जिसका आम उपभोक्ता को आभास तक नहीं है। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग द्वारा अधिकांश बिल बगैर रीडिंग लिए मनमाने तरीके से थोपकर जबरन वसूली की जा रही है। उन्होंने मांग की है कि कटियाबाजों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्यवाही की जाए।
क्षेत्र में बिजली की चोरी किसी क्षेत्र में हो रही है, इसकी पुख्ता जानकारी नहीं है। विभाग द्वारा टीम बना कर जांच करवाई जाएगी। छापामार कार्रवाई के दौरान पकड़े जाने पर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।
सौरभ पटेरिया, एसडीओ