ललितपुर। देवगढ़ रोड स्थित रेलवे क्रॉसिंग से कुछ मीटर पहले स्थित एक एकड़ जमीन के हिस्सों पर मालिकाना हक जता रहे दो राजनीतिक परिवार सोमवार को आमने- सामने आ गए। जिला पंचायत अध्यक्ष के पति ने न्यायालय से स्थगन आदेश के बाद भी दूसरे पक्ष पर अवैध रुप से कब्जा करने का आरोप लगाया, जबकि पूर्व मंत्री ने विपक्षी पर कब्जा करने का आरोप लगाया।
थाना कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत देवगढ़ रोड स्थित रेलवे क्रॉसिंग के पहले स्थित एक एकड़ जमीन के अलग-अलग हिस्सों पर पूर्व मंत्री वीरेंद्र सिंह बुंदेला एवं जिला पंचायत अध्यक्ष जयश्री खटीक के पति पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष रमेश खटीक के पुत्र मनोज कुुमार खटीक द्वारा दावेदारी की जा रही है। यह मामला सिविल जज सीनियर डिवीजन के न्यायालय में विचाराधीन है। उक्त मामले मेें सोमवार को न्यायालय से अमीन द्वारा जमीन की नापजोख की गई। इस दौरान दोनों पक्षों के लोग वहां पहुंच गए, जिस पर माहौल गरमा गया।
दोनों पक्ष जमीन पर अपनी हिस्सेदारी जता रहे हैं। मामले की जानकारी पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। अमीन द्वारा दोनों पक्षों की मौजूदगी में नापजोख की गई। मनोज खटीक द्वारा जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर पूर्व मंत्री पर न्यायालय के स्थगन आदेश के बाद भी उक्त जमीन पर अवैध रुप से कब्जा करने के आरोप लगाए हैं। ज्ञापन में बताया गया कि उन्होंने कमलेश चौबे, उत्तरा चौबे, दिलीप चौबे एवं विजय कुमार चौबे से रजिस्टर्ड विक्रय पत्र दो मई 2018 को क्रय किया था। खरीदने के बाद उक्त प्लाट पर कब्जा प्राप्त कर लिया था। इसके बाद भी पूर्व मंत्री वीरेंद्र सिंह बुंदेला व उनके पुत्र प्लाट पर नाजायज हस्तक्षेप करना चाहते हैं। उसने न्यायालय में वाद दायर किया था। इसमें 13 जनवरी को सिविल जज सीनियर डिवीजन से स्थगन आदेश पारित कर विपक्षी को हस्तक्षेप से रोका गया। इसके बाद भी वह उसके प्लाट पर कब्जा करना चाहते हैं। मनोज ने बताया कि मौके पर निर्माण कार्य किया जा रहा है, इसमें विपक्षी हस्तक्षेप कर रहे हैं। मनोज खटीक ने जिलाधिकारी से उसके कार्य में बाधा उत्पन्न नहीं करने एवं न्यायालय के आदेश की अवहेलना को रोके जाने की मांग की है।
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हम अवैध कब्जा करने नहीं गए थे। दूसरा पक्ष न्यायालय गया था, खुद ही उसने स्टे लिया और खुद ही कब्जा करना चाहते थे। विपक्षी गुंडागर्दी के मूड में थे। पुलिस आ गई मदद कर दी। अमीन ने नापजोख की। मैंने 2015 में जमीन की रजिस्ट्री कराई थी, जिसका दाखिल खारिज हो गया था। वे लोग पहले किसी भी जमीन पर विवाद खड़ा करते हैं, बाद में राजीनामा की गुहार लगाते हैं।
- वीरेंद्र सिंह बुंदेला, पूर्व मंत्री प्रदेश सरकार।
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उक्त जमीन में 70 डिसमल जगह हमारी है, जबकि 30 डिसमल जगह पूर्व मंत्री की है। जमीन का मामला न्यायालय में चल रहा है और सोमवार को कोर्ट से अमीन को नापजोख के लिए जाना था। अमीन ने पहुंचकर नापजोख भी की। उक्त जमीन पर मनोज के नाम से न्यायालय से स्थगन आदेश है। इसके बाद भी जमीन पर अवैध रुप से कब्जा किया जा रहा है। इस संबंध में डीएम व पुलिस को शिकायती पत्र दिया है।
- रमेश खटीक, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष।