तालबेहट (ललितपुर)। सोमवार को रामपुर में चली गोली के बाद कोतवाली पुलिस मौके से वापस नहीं आ पाई थी कि ग्राम सभा बिजरौठा के मजरा बौलारी में मतदान के लेकर हुए विवाद के चलते प्रधान पद के दो प्रत्याशियों एवं उनके समर्थकों में जमकर मारपीट हो गई। दोनों ओर एक दूसरे पर जमकर लाठी-डंडे चले। बाद में कोतवाली पुलिस ने दोनों पक्षों की ओर से चार-चार लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया।
ग्राम प्रधान के चुनाव में बौलारी से बज्जी कुशवाहा और पारा से चंद्रभान यादव चुनाव मैदान में थे। मतदान के बाद चंद्रभान यादव के एक रिश्तेदार की बौलारी में मतदान को लेकर किसी से बहस हो गई।
जिस पर बौलारी के लोगों ने उनकी मारपीट कर दी। इसके बाद जब वह पारा पहुंचे तो अपने रिश्तेदारों को जानकारी दी तो पारा से लाठी-डंडे लेकर लोगों ने बौलारी में जमकर बवाल काटा और कुछ लोगों की जमकर मारपीट की।
गांव के लोगों ने इसकी सूचना तत्काल पुलिस क्षेत्राधिकारी कुंवर बहादुर को दी। जिस पर तत्काल वरिष्ठ उपनिरीक्षक हाकिम सिंह मौके पर गए। रात में ही वह दोनों पक्षों के कुछ लोगों को अपने साथ ले कोतवाली ले आए।
इसके बाद पुलिस ने राजू पुत्र परमानंद धोबी निवासी बौलारी की शिकायत पर गांव के चन्द्रभान सिंह पुत्र गोविंद सिंह, नरेश पुत्र संग्राम सिंह यादव निवासी ग्राम पारा कोतवाली तालबेहट और मंगल पुत्र प्रताप निवासी मनकुआ थाना बबीना जिला झांसी और एक अज्ञात के खिलाफ हरिजन उत्पीड़न सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर विवेचना पुलिस क्षेत्राधिकारी कुंवर बहादुर को भेज दी।
वहीं, चंद्रभान सिंह पुत्र गोविंद सिंह निवासी पारा के पुलिस को दिए अपने शिकायती पत्र में अवगत कराया कि उसके रिश्तेदार रामनरेेश पुत्र संग्राम सिंह रात में अपने घर वापस आ रहे थे, तभी गांव के चार लोग उनके पीछे मोटर साइकिल से लाठी-डंडा लेकर ग्राम पारा आए। इसके बाद आरोपियों ने 20 हजार रुपये की मांग करते हुए उसकी मारपीट कर दी। जिस पर पुलिस ने गांव के राजेंद्र सिंह पुत्र सुल्तान सिंह, रूपलाल पुत्र लक्ष्मन कुशवाहा, बृजेश पुत्र हम्मीर और प्रकाश पुत्र धरमलाल के खिलाफ गालीगलौज करने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कराया।
मंगलवार को कोतवाली के बाहर जुटा एक पक्ष
सोमवार की रात हुई मारपीट की घटना के बाद बौलारी से आए एक पक्ष के एक सैकड़ा लोगों ने घायलों का एक्स-रे करवाने और दूसरे पक्ष के एक आरोपी को छोड़नें की बात को लेकर कुछ हंगामा करने का प्रयास किया।
परंतु प्रभारी निरीक्षक हाकिम सिंह ने उनकी बात सुन कर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया तो वह लोग वहां से चले गए। हालांकि कुछ लोगों ने अपनी राजनीतिक रोटिया सेंकने का पूरा पूरा प्रयास किया।