महिला का चार वर्ष की सजा
एक हजार रुपये अर्थदंड लगाया
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। अपर जिला और सत्र न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) जगदीश कुमार की अदालत ने मोहल्ला आजादपुरा निवासी एक महिला को एससी/एसटी एक्ट में दोषी पाते हुए चार वर्ष के कारावास और एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। इस मामले में एक अभियुक्त नाबालिग होने पर उसका मामला किशोर न्यायालय में विचाराधीन है।
मोहल्ला आजादपुरा निवासी नीतू कोरी पत्नी अशोक कोरी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि 22 अगस्त 2014 की दोपहर में करीब साढ़े बारह बजे मोहल्ला के राजेंद्र, गुड्डी व मुुन्नालाल आए और उसे जातिसूचक शब्दों से अपमानित करते हुए कहा कि हैंडपंप से यदि पानी भरा तो जान से खत्म कर देंगे। विरोध करने पर तीनों ने लाठी-डंडों से उसकी मारपीट कर दी। गालीगलौज भी की। पिटाई से उसके शरीर पर गंभीर चोटें आईं। सिर से खून भी बहा। चिल्लाने पर पहुंचे आसपास के लोगों ने बीचबचाव किया। इस मामले में मुन्नालाल का नाम पुलिस ने विवेचना से हटा दिया था, जबकि एक अन्य आरोपी नाबालिग होने के कारण मामला किशोर न्यायालय में विचाराधीन है। न्यायालय ने उक्त मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से पेश की गई दलीलों, साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर सुनवाई करते हुए मोहल्ला आजादपुरा निवासी गुड्डी को दोषी पाते हुए एससी/ एसटी एक्ट में दोषी पाते हुए चार वर्ष के कारावास और एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता लखनलाल यादव ने की।