ललितपुर। विघाखेत के बफर गोदाम से 1470 बोरी डीएपी गायब होने के मामले में पीसीएफ प्रबंधक ने भंडार नायक सहित दो के खिलाफ कोतवाली सदर में मुकदमा दर्ज कराया है। पीसीएफ प्रबंधक आनंद सिंह ने कोतवाली पुलिस को तहरीर दी। बताया कि विघाखेत में 2400 मीट्रिक टन (48 हजार बोरियां) डीएपी एक अक्तूबर 2024 से भेजी जा रही थी। गोदाम का चार्ज रविभूषण कुशवाहा के पास है। इनका स्थानांतरण बीते 30 जून को प्रतापगढ़ हो गया है। रविभूषण ने चार्ज नामित भंडार नायक को नहीं दिया। पीसीएफ प्रबंधक ने 20 व 21 अक्तूबर को विघाखेत गोदाम का निरीक्षण किया। बफर गोदाम में 220 मीट्रिक टन 4400 बोरियां बची थीं।
इफको बाजार के प्रबंधक अनिल कुमार जैन ने बताया कि उनके द्वारा पीसीएफ को उर्वरक की न तो मांग की गई न ही कोई चेक या आरटीजीएस दिया गया। रविभूषण कुशवाहा ने 73.500 मीट्रिक टन 1470 बोरी डीएपी पीओएस बिक्री दर 1350 रुपये प्रति बोरी कुल धनराशि 19 लाख 84 हजार 500 रुपये का गबन किया है। साथ में उक्त स्टॉक जिस गोदाम में भंडारित था, उनमें डबल लाॅक था। एक ताला रविभूषण कुशवाहा और दूसरा ताला वर्तमान भंडार नायक रमेशचंद्र द्वारा लगाया गया था। पीसीएफ प्रबंधक ने रविभूषण कुशवाहा निवासी जयरामपुर धूमनगंज इलाहाबाद (प्रयागराज) और सहायक भंडार नायक पीसीएफ रमेश चंद्र की भूमिका पर संदेह जाहिर किया। पुलिस ने दोनों आरोपियों पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। संवाद