संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। वर्ष 2021 में तत्कालीन उपजिलाधिकारी की जांच में पीसीएफ गोदाम से तीन हजार बोरी गायब होने के प्रकरण में अब गोदाम प्रभारी द्वारा धनराशि जमा करने की बात कही जा रही है। लेकिन, विभागीय अन्य कार्रवाई से इन्कार किया जा रहा है। इससे विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं, क्योंकि धनराशि जमा करने का मतलब गोदाम प्रभारी ने आरोप को स्वीकार कर लिया है।
तीन सालों में दो प्रकरण ऐसे में प्रकाश में आए हैं, जहां डीएपी की बोरियां गायब कर दी गईं। वर्ष 2021 में तीन हजार बोरी गायब होने व वर्तमान में 1470 बोरी खाद गायब होने की बात प्रकाश में आई है। दोनों प्रकरण में गोदाम प्रभारी रविभूषण प्रकाश पर आरोप लगे। आरोप पुष्ट भी हुए। विभाग 2021 के प्रकरण में डीएपी की बोरियों की कीमत जमाकर कार्रवाई की इतिश्री की बात कह रहा है। वहीं, वर्तमान प्रकरण में खाद की गायब बोरी की पुष्टि होने के बाद भी कार्रवाई अधर में बताई जा रही है।
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पुराने प्रकरण में खाद की बोरियों की धनराशि जमा कर ली गई थी। अब कार्रवाई समाप्त कर दी गई है। वर्तमान में 1470 बोरियों के गायब होने के मामले में विभागीय कार्रवाई चल रही है।-आनंद कुमार सिंह, जिला प्रबंधक पीसीएफ।