संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। सोमवार को प्रबंध निदेशक दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम (आगरा) अमित किशोर ने जिले में चल रहे बिजली संकट को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खराब ट्रांसफॉर्मरों को 48 घंटे में बदल दिया जाए। भीषण गर्मी में व्यवस्था ठीक करें और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली दें।
जिले में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए उन्होंने सोमवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी के साथ बैठक की। बैठक में प्रबंध निदेशक ने जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में की जा रही विद्युत आपूर्ति की समीक्षा की। इस दौरान उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश हैं कि सभी विद्युत अधिकारी और कर्मचारी मुख्यालय पर ही निवास करेंगे और रात के समय भी आने वाली समस्याओं के साथ रात में भी फोन रिसीव करेंगे।
उन्होंने कहा कि यदि रात में ब्रेकडाउन लिया जाता है, तो उसे रात में भी सुधारा जाए। इसमें किसी भी अधिकारी की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। खराब ट्रांसफॉर्मर को 48 घंटे के अंदर बदलवा दिया जाएं। सभी जेई बदले हुए ट्रांसफॉर्मरों का रात में पेट्रोलिंग कर निरीक्षण करें। बताया कि अभी जिले में कटिया डालकर बिजली चोरी रोकने के लिए आर्म्ड केबल और स्मार्ट मीटर लगाने का काम किया जा रहा। यदि किसी उपभोक्ता का कनेक्शन कट गया है, तो उसे मात्र 100 रुपये देकर दोबारा से जुड़वा सकता है। उपभोक्ताओं की समस्याओं के निस्तारण के लिए निवेश मित्र और झटपट पोर्टल की व्यवस्था की गई है। इसमें आने वाली शिकायतों को तुरंत निस्तारित किया जाए। मीटर रीडरों द्वारा बनाए जाने वाले बिलों का क्रॉस चेक जरूर करें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अनिल कुमार पांडेय,अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गुलशन कुमार, दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम, आगरा से राजीव शर्मा, एसई पंकज गोयल, एसई रवि कुमार अग्रवाल, मुख्य अभियंता पीके सिंह, अधीक्षण अभियंता विनय कुमार मौजूद रहे। इनके अलावा सहायक निदेशक सूचना सुरजीत सिंह, बीडीओ मड़ावरा सौरभ वर्नवाल सहित विद्युत विभाग के सभी अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, अवर अभियंता सहित संबंधित अधिकारीगण मौजूद रहे।
विद्युत सखियों की सराहना की
जिले में स्वयं सहायता समूह की ओर से 108 विद्युत सखियों द्वारा बिजली बिल वसूलने का काम किया जा रहा है। इनमें 68 विद्युत सखियों ने 38 लाख की वसूली की है। इन विद्युत सखियों की प्रबंध निदेशक और जिलाधिकारी ने सराहना की। साथ ही विद्युत अधिकारियों इन सखियों के आईडी कार्ड बनाने के निर्देश दिए। जिससे बिल वसूली में कोई समस्या न आए। साथ ही कंप्यूटर ऑपरेटरों के माध्यम से उनकी ऑनलाइन फीडिंग पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
बिजली आपूर्ति ठप होने की शिकायत पर जताई नाराजगी
बैठक में बानपुर, मसौरा और पूराकलां में रात में विद्युत विभाग द्वारा आपूर्ति बंद करके सुबह चालू करने की शिकायत पर नाराजगी जताई। इसके बाद डीएम ने अधिशासी अभियंता को समस्या के समाधान कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने चेकिंग के दौरान पुलिस बल व कुछ स्थानीय लोगों को साथ में रखने के निर्देश दिए। बताया कि रानीपुरा, औद्योगिक क्षेत्र और माइनिंग क्षेत्र में ब्रेकडाउन की अधिक समस्या आती है, इसके लिए अलग से फीडर बनाने के निर्देश दिए। बिजली अधिकारियों ने बताया कि पिछले साल की अपेक्षा इस साल ट्रांसफॉर्मरों के खराब होने की संख्या में कमी आई है। इससे विभाग को 32 लाख रुपये की बचत हुई है।
ज्यादा से ज्यादा समस्याओं का करें निस्तारण
जिलाधिकारी ने बताया कि बिजली संबंधित समस्या के निस्तारण के लिए विकास भवन में एक कंट्रोल रूम बनाया गया है, जिस पर प्राप्त शिकायतों का 24 घंटे के अंदर निस्तारण किया जाता है। इस पर प्रबंध निदेशक ने अधिशासी अभियंता विद्युत को कंट्रोल रूम में अतिरिक्त कर्मचारियों की ड्यूटी लगाने के निर्देश दिए।