सड़क पर उतरे राजनीतिक दल और सामाजिक संगठन, प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच और परिजन को मुआवजा देने की मांग, मेडिकल कॉलेज में भ्रष्टाचार का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। प्रसूता की मौत के विरोध में सोमवार को राजनीतिक दल और सामाजिक संगठन सड़क पर उतर गए। कलेक्ट्रेट में भ्रष्टाचार का पुतला फूंकते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की। वहीं, संगठनों ने प्रसूता के परिजन को मुआवजा देने की भी मांग की।
कांग्रेस और सपा समेत कुछ संगठनों के कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। मेडिकल कॉलेज में सपा यूथ ब्रिगेड और लोहिया वाहिनी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर पुतला जलाने की कोशिश की। मौके पर मौजूद पुलिस ने पुतला छीनने की कोशिश की तो कार्यकर्ता उसे अस्पताल के बाहर ले लाए और आग लगा दी। सपा कार्यकर्ताओं ने प्रधानाचार्य के खिलाफ नारेबाजी की। उन्होंने अस्पताल में बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रधानाचार्य को जिम्मेदार ठहराया। सपा के जिलाध्यक्ष नेपाल सिंह यादव के नेतृत्व में राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी को सौंपा गया। ज्ञापन में मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की गई। उन्होंने कहाकि मेडिकल कॉलेज में बिना दलालों के उपचार संभव नहीं है। प्रसूता की मौत हत्या की श्रेणी में आता है। दोषियों पर हत्या की धाराओं में एफआईआर दर्ज की जाए। इस दौरान जिला उपाध्यक्ष भजनलाल कुशवाहा, मोहम्मद अनवर खान, तुलसीराम अहिरवार, अरशद मंसूरी, हरिसिंह यादव, नरेंद्र सिंह राजपूत आदि मौजूद रहे।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश रजक ने डीएम को ज्ञापन दिया। उन्होंने अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने की मांग की। इस दौरान प्रदेश सचिव बलवंत सिंह राजपूत, नगर अध्यक्ष रफीक अली, जिला महासचिव पुनीत देवलिया, असलम खान, पवन विश्वकर्मा, महिला जिला अध्यक्ष नेहा तिवारी आदि मौजूद रहे। वहीं, पंचरत्न विश्वकर्मा समाज ने परिवार को आर्थिक मदद दिए जाने की मांग को लेकर राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। विजय ड्योडिया, कमल विश्वकर्मा, मनोज, राहुल, राजेंद्र, संतोष सोनी आदि के हस्ताक्षर बने हैं। बजरंग सेना ने भी जांचकर गंभीर धाराओं में कार्रवाई करने की मांग की है। इस दौरान प्रदेश प्रभारी शुभम पस्तोर, अंश कटारे, दीपक नायक, चंदन, अनुज गोस्वामी, रामकुमार आदि के हस्ताक्षर हैं। आजाद समाज पार्टी ने प्रसूता के मौत में दोषियों पर कार्रवाई करने व व्यवस्थाओं में सुधार किए जाने की मांग की है। ज्ञापन पर मोतीलाल गौतम, अरविंद, हरिसिंह, कुंवरलाल आदि के हस्ताक्षर हैं।