ललितपुर। जिले मेें प्रस्तावित हवाई अड्डे निर्माण का काम अब और तेजी पकड़ेगा। जमीन अधिग्रहण और हवाई अड्डे के लिए सरकार ने 27 करोड़ से अधिक की धनराशि को स्वीकृत कर दी है। अभी तक 70 हेक्टेयर के करीब निजी भूमि का अधिग्रहण हो चुका है। उम्मीद है कि साल 2024 में हवाई अड्डे का काम पूरा हो जाएगा।
हवाई अड्डे के निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूर्ण करने के लिए सरकार काफी गंभीर दिख रही है। सरकार ने हवाई अड्डे के लिए निजी भूमि और अन्य कामों के लिए 27.41 करोड़ रुपये की धनराशि को स्वीकृति प्रदान की है। अब तक हवाई पट्टी के विस्तार व उसके हवाई अड्डे के रूप में निर्माण के लिए भूमि खरीद और प्रस्तावित जमीन पर स्थित परिसंपत्तियों के लिए 87 करोड़ 41 लाख 82 हजार 628 रुपये की स्वीकृति मिली थी। जिसमें अब तक 60 करोड़ रुपये की धनराशि निर्गत की जा चुकी है।
अवशेष धनराशि के स्वीकृत हो जाने से हवाई अड्डा निर्माण के काम में और भूमि खरीद की प्रकिया में और तेजी आएगी। हवाई अड्डे के लिए क्रय की जानी वाली 91 हेक्टेयर जमीन में से अब तक 70.947 हेक्टेयर भूमि की खरीद की जा चुकी है। बाकी की 21.58 हेक्टेयर भूमि खरीद की प्रक्रिया जारी है।
सिंचाई, शिक्षा और पीडब्ल्यूडी विभाग की भूमि भी शामिल
हवाई अड्डे के लिए चिह्नित की गई भूमि में सिंचाई, शिक्षा और पीडब्ल्यूडी विभाग की कुछ भूमि का हिस्सा है। इन भूमि का बैनामा करने की प्रकिया जिलाधिकारी आलोक सिंह के माध्यम से अमल में लाई जा रही है। वहीं 174 एकड़ भूमि ग्राम समाज की है। जिसका अधिग्रहण किया जा चुका है।
रक्षा और नागरिक उड्डयन विभाग में बातचीत का दौर जारी
प्रस्तावित हवाई अड्डे की भूमि में रक्षा विभाग ने रोड़ा लगाते हुए 78 एकड़ भूमि पर अपना दावा प्रस्तुत करते हुए प्रतिफल की मांग की थी। जबकि नागरिक उड्डयन विभाग ने उक्त भूमि पर अपना हक जताया था। इस विवाद का निपटारा करने के लिए केंद्र सरकार स्तर पर दोनों विभागों में बातचीत का दौर जारी है।
प्रस्तावित हवाई अड्डा निर्माण और विकसित करने के लिए सरकार ने 27 करोड़ से अधिक की धनराशि को स्वीकृति प्रदान की है। इससे भूमि क्रय करने और हवाई अड्डा निर्माण में प्रयोग किया जाएगा। निजी भूमि क्रय करने का काम तेजी के साथ किया जा रहा है।
गुलशन कुमार, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व