ललितपुर। शासन ने खंड शिक्षा अधिकारियों पर भरोसा जताते हुए स्कूलों के निरीक्षणों की संख्या बढ़ा दी है। अब उन्हें प्रत्येक माह 40 विद्यालयों के निरीक्षण करने होंगे। वहीं, बीएसए एवं जिला समन्वयक को बीस-बीस स्कूलों के निरीक्षण की जिम्मेवारी सौंपी गई है।
परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में बेसिक शिक्षा के संचालित कार्यक्रमों/गतिविधियों पर शासन की सीधी नजर है। प्रेरणा समीक्षा माड्यूल के अंतर्गत समस्त निरीक्षणकर्ता अधिकारियों से निर्धारित प्रपत्र पर आनलाइन निरीक्षण कराए जा रहे हैं। विद्यालयों के निरीक्षण हेतु जनपद एवं ब्लाक स्तर पर टास्क फोर्स भी गठित की गई हैं। जनपद स्तर पर बीएसए को माह में कम से कम 20 विद्यालयों के निरीक्षण की जिम्मेवारी दी गई है। जिला समन्वयक को भी इतने ही विद्यालयों के निरीक्षण का जिम्मा सौपा गया है। वहीं, खंड शिक्षा अधिकारियों को एक माह में कम से कम चालीस विद्यालयों का निरीक्षण करने के लिए कहा गया है। यदि किसी खंड शिक्षा अधिकारी के पास दो ब्लाक चार0 है तो वह प्रत्येक ब्लाक के बीस-बीस विद्यालयों के निरीक्षण करने होंगे। राज्य परियोजना निदेशक विजय किरन आनंद ने लिए बीएसए को लिखे पत्र में बताया कि प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के निरीक्षण हेतु विद्यालय निरीक्षक निरीक्षण प्रपत्र उपलब्ध कराए गए हैं। विभागीय प्राथमिकताओं को दृष्टिगत रखते हुए विद्यालयों का निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष शत प्रतिशत निरीक्षण करते हुए आनलाइन निरीक्षण आख्या प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड करना सुनिश्चित करें। इससे पहले खंड शिक्षा अधिकारी माह में 20 विद्यालयों के निरीक्षण करते थे, अब इनकी संख्या में बढ़ोत्तरी कर दी गई है।
विभाग में विभिन्न प्रकार डाटा आनलाइन किया जा रहा है। अब विद्यिालयों में निरीक्षणों की संख्या में बढ़ा दी गई है, इससे काम का लोड बढ़ गया है।
जमील अहमद, खंड शिक्षा अधिकारी जखौरा