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रिहायशी इलाकों में हादसे को न्यौता दे रहे हाईटेंशन तार

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रिहायशी इलाकों में हादसे को न्यौता दे रहे हाईटेंशन तार
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ललितपुर। शहर में रिहायशी इलाकों के बीच से निकले हाईटेंशन तारों से घटित हो चुकी कई घटनाओं के बाद भी बिजली विभाग नहीं चेत रहा है। इससे क्षेत्रवासियों में खौफ का माहौल है, उन्हें हर पल किसी हादसे का भय सताता रहता है। इस समस्या से रावतयाना वार्ड भी जूझ रहा है। यहां एक कालेज के बगल से हाइटेंशन तार निकले हैं, जो स्टाफ व विद्यार्थियों के लिए खतरा बने हुए हैं।
शहरीकरण के दौर में ललितपुर में कई कालोनी व बस्ती विकसित हो रही हैं। जो कभी शहर के बाहरी क्षेत्र मानते जाते रहे हैं, वे आज शहर के अंदर आ चुके हैं। बकायदा उन क्षेत्रों में आलीशान मकान, स्कूल, महाविद्यालय व अन्य संस्थान स्थापित हो चुके हैं। इनमें से रावतयाना वार्ड है जहां एक कन्या महाविद्यालय खुल गया है। वहीं, आसपास कई मकान भी बन गए हैं। इनके बगल में ही हाईटेंशन तार निकले हैं। किसी का टिनशेड हाईटेंशन के नीचे आ रहा है तो किसी गैलरी में खड़ा होना हादसे को न्यौता देना जैसा है। लोग बताते हैं कि यहां एक युवक को करंट लग गया था, जिसमें उसे अपना हाथ गंवाना पड़ा था। इस बात की जानकारी बिजली विभाग के कर्मियों को भी है। स्थानीय लोगों ने एस्टीमेट बनवाने पर सहमति जता दी है लेकिन इसमें प्रगति नहीं हो सकी है। ऐसा नहीं यह समस्या केवल यही है, इसे शहर के विभिन्न हिस्सों में देखी जा सकती है। इसमें मुहल्ला घुसयाना, जुगपुरा सहित कई मुहल्ले शामिल हैं। इन मुहल्लों में हाईटेंशन तार मुसीबत बने हुए हैं।
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घर से छूते निकल रहे हाईटेंशन तार
मुहल्ले में हाईटेंशन तार बड़ी समस्या बने हुए हैं। इस संबंध में कई बार अधिकारियों से संपर्क किया गया लेकिन घर से छूते तारों को आज तक नहीं हटाया गया है।
कैलाश कुशवाहा

हाईटेंशन तार से मुहल्लेवासी खौफजदा
बीते दिनों एक होटल में बिजली के करंट से दो मजदूरों की मौत हो गई थी। वहीं, एक श्रमिक घायल हो गया था। इस घटना से मुहल्लेवासी खौफजदा हैं। मुहल्ले में हाईटेंशन तारों से कभी भी कोई भी बड़ा हादसा हो सकता है।
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अशोक कुशवाहा

प्रार्थना दें तो कराएंगे सर्वे
स्थानीय व्यक्ति यदि हाईटेंशन लाइन हटवाने के लिए प्रार्थना पत्र देते हैं तो उस आधार पर लाइन शिफ्ट का पहले सर्वे कराया जाएगा। इसके उपरांत एस्टीमेट तैयार कराया जाएगा।
शैलेंद्र कटियार, अधिशासी अभियंता, विद्युत वितरण खंड
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